RAS प्रश्न
MAS किन निर्यातकों को प्राथमिकता देता है?
सही उत्तर: (B) MSMEs और पहली बार निर्यात करने वाले।
MAS भारतीय निर्यातकों में खास तौर पर सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यमों तथा पहली बार निर्यात करने वालों को प्राथमिकता देता है।
व्याख्या
प्रेस सूचना ब्यूरो के अनुसार MAS, निर्यात संवर्धन मिशन के तहत निर्यात दिशा उप-योजना में लागू बाजार-पहुंच पहल है। इसका उद्देश्य भारतीय निर्यातकों की अंतरराष्ट्रीय बाजार पहुंच मजबूत करना है, खास तौर पर सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यमों, पहली बार निर्यात करने वालों और प्राथमिकता क्षेत्रों की इकाइयों की। इसलिए विकल्प B सही है। MAS में क्रेता-विक्रेता बैठकों, अंतरराष्ट्रीय व्यापार मेलों, भारत में होने वाली बड़ी विपरीत क्रेता-विक्रेता बैठकों और प्राथमिक या उभरते बाजारों में व्यापार प्रतिनिधिमंडलों के लिए वित्तीय और संस्थागत सहायता दी जाएगी। समर्थित आयोजनों में कम-से-कम 35% सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम भागीदारी अनिवार्य है, और छोटे निर्यातकों को हवाई किराये में आंशिक सहायता भी मिल सकती है।
बाक़ी विकल्प ग़लत क्यों हैं
- (A) बड़े कॉर्पोरेट MAS की प्राथमिक श्रेणी नहीं हैं, क्योंकि MAS विशेष रूप से सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यमों, पहली बार निर्यातकों और प्राथमिकता क्षेत्रों की इकाइयों पर जोर देता है।
- (C) MAS केवल सरकारी उद्यमों तक सीमित नहीं है; यह भारतीय निर्यातकों की बाजार पहुंच मजबूत करने वाली पहल है।
- (D) विदेशी कंपनियां MAS की प्राथमिक लाभार्थी श्रेणी नहीं हैं, क्योंकि इसका जोर भारतीय निर्यातकों की अंतरराष्ट्रीय बाजार पहुंच पर है।
अवधारणा
यह प्रश्न भारतीय अर्थव्यवस्था में निर्यात संवर्धन और छोटे उद्यमों की बाजार पहुंच की नीति को जांचता है। RAS में ऐसे प्रश्न इसलिए आते हैं क्योंकि वे उद्यम नीति, निर्यात सहायता और बाह्य व्यापार को सीधे जोड़ते हैं।
