RAS प्रश्न
जयपुर के महाराजा सवाई राम सिंह द्वितीय किस कारण प्रसिद्ध हैं?
सही उत्तर: (C) प्रिंस अल्बर्ट की यात्रा (1876) के लिए जयपुर को गुलाबी रंग से रँगवाना।
जयपुर के महाराजा सवाई राम सिंह द्वितीय को 1876 में जयपुर आए प्रिंस ऑफ वेल्स के सम्मान में शहर को गुलाबी रंग से रंगवाने के लिए याद किया जाता है।
व्याख्या
यह प्रश्न ‘गुलाबी शहर’ के रूप में जयपुर की पहचान से जुड़ा है, न कि शहर की स्थापना या किसी स्मारक के निर्माण से। महाराजा सवाई जय सिंह द्वितीय ने 1727 में जयपुर की स्थापना की थी। 1876 में महाराजा सवाई राम सिंह द्वितीय ने जयपुर आए प्रिंस ऑफ वेल्स के स्वागत में पूरे शहर को गुलाबी या टेराकोटा-गुलाबी रंग से रंगवाया; यही राजकुमार बाद में एडवर्ड सप्तम बने। इसके बाद भी कई महत्वपूर्ण इमारतों पर यह रंग बनाए रखा गया, जिससे जयपुर को ‘गुलाबी शहर’ की पहचान मिली। इसलिए राम सिंह द्वितीय को जयपुर रंगवाने के लिए याद किया जाता है, शहर बसाने या कोई स्मारक बनवाने के लिए नहीं।
बाक़ी विकल्प गलत क्यों हैं
- (A) महाराजा सवाई जय सिंह द्वितीय ने 1727 में जयपुर की स्थापना की थी, इसलिए शहर की स्थापना का श्रेय सवाई राम सिंह द्वितीय को नहीं दिया जा सकता।
- (B) महाराजा प्रताप सिंह ने हवा महल बनवाया था, इसलिए इसका निर्माण सवाई राम सिंह द्वितीय की उपलब्धि नहीं है।
- (D) जंतर मंतर का संबंध सवाई जय सिंह द्वितीय से है, न कि सवाई राम सिंह द्वितीय की 1876 में जयपुर को गुलाबी रंग से रंगवाने वाली घटना से।
अवधारणा
यह प्रश्न राजस्थान के इतिहास और कला-संस्कृति में किसी शासक को सही घटना से जोड़ने की समझ जाँचता है, खासकर जयपुर की पहचान के संदर्भ में। RAS में ऐसे प्रश्न बार-बार आते हैं, क्योंकि एक ही शहर से कई शासक और स्मारक जुड़े हैं और यह भ्रम हो सकता है कि कौन-सा काम किसने कराया था। ‘गुलाबी शहर’ नाम में जयपुर के राजवंशों का इतिहास और शहर की विरासत, दोनों झलकते हैं।
