RAS प्रश्न
GST परिषद में केंद्र सरकार का मतदान भार क्या है?
सही उत्तर: (B) कुल डाले गए मतों का एक-तिहाई।
GST परिषद में केंद्र सरकार के मत का भार कुल डाले गए मतों का एक-तिहाई होता है।
व्याख्या
भारत का संविधान, अनुच्छेद 279A(9), GST परिषद के फैसलों के लिए भारित मतदान की व्यवस्था देता है। इसके अनुसार, किसी फैसले के लिए उपस्थित और मतदान करने वाले सदस्यों के भारित मतों का कम से कम तीन-चौथाई बहुमत चाहिए। इसी प्रावधान में केंद्र सरकार के मत को कुल डाले गए मतों का एक-तिहाई भार दिया गया है, जबकि सभी राज्य सरकारों के मतों को मिलाकर दो-तिहाई भार दिया गया है। इसलिए सही उत्तर एक-तिहाई है। यह व्यवस्था केंद्र और राज्यों, दोनों की भूमिका को फैसले में शामिल करती है और इसी कारण इसे सहकारी संघवाद से जोड़ा जाता है।
बाक़ी विकल्प ग़लत क्यों हैं
- (A) दो-तिहाई भार केंद्र सरकार का नहीं, सभी राज्य सरकारों के मतों का संयुक्त भार है।
- (C) केंद्र सरकार को आधा भार नहीं दिया गया है; अनुच्छेद 279A(9) उसके लिए एक-तिहाई भार बताता है।
- (D) एक-चौथाई का प्रावधान केंद्र सरकार के मतदान भार के लिए नहीं है; सही संवैधानिक भार एक-तिहाई है।
अवधारणा
यह प्रश्न GST परिषद की संवैधानिक संरचना, भारित मतदान और सहकारी संघवाद की समझ जांचता है। RAS में यह इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि यह कराधान और केंद्र-राज्य संबंध, दोनों को सीधे जोड़ता है।
