Aspirant Academy

RAS प्रश्न

राजस्थान की चित्रकला के बारे में ब्राउन और ऐसे आरम्भिक लेखकों को किस धारणा से जोड़ा जाता है?

सही उत्तर: (A) राजस्थानी चित्रकला को राजपूत शैली और नाथद्वारा चित्रों को उदयपुर शैली मानना।।

ब्राउन और ऐसे आरम्भिक लेखकों की धारणा में राजस्थानी चित्रकला को राजपूत शैली तथा नाथद्वारा चित्रों को उदयपुर शैली के भीतर माना गया।

  1. (A)

    राजस्थानी चित्रकला को राजपूत शैली और नाथद्वारा चित्रों को उदयपुर शैली मानना।

  2. (B)

    राजस्थान में चित्रकला के समृद्ध रूप की ओर सबसे पहले ध्यान खींचना।

  3. (C)

    इस परम्परा को स्टडीज इन इंडियन पेंटिंग में हिन्दू चित्रकला कहना।

  4. (D)

    अनेक क्षेत्रीय शैलियों को राजस्थानी चित्रकला के अंतर्गत सिद्ध करना।

व्याख्या

राजस्थानी चित्रकला के आरम्भिक वर्गीकरण में ब्राउन, स्मिथ, जी. ए. ग्रेयरसन और जी. थॉमस राजपूत कला वाले मत से जुड़े हैं। इन आरम्भिक लेखकों ने कुछ नमूना-चित्रों के आधार पर राजस्थानी चित्रकला को राजपूत शैली में समेटा और नाथद्वारा चित्रों को उदयपुर शैली का हिस्सा माना। कुमारस्वामी ने 1916 की पुस्तक में पहला वैज्ञानिक वर्गीकरण किया। इसलिए सही बात ब्राउन के नाम से जुड़ा आरम्भिक, सीमित वर्गीकरण है, न कि बाद में क्षेत्रीय शैलियों के आधार पर विकसित व्यापक राजस्थानी परम्परा।

बाक़ी विकल्प ग़लत क्यों हैं

  • (B) यह भूमिका ब्राउन से नहीं जुड़ती, क्योंकि पहला वैज्ञानिक वर्गीकरण आनन्द कुमारस्वामी और उनकी 1916 की पुस्तक से जुड़ा है।
  • (C) हिन्दू शैली वाला मत ब्राउन के नाम पर नहीं है; यह मेहता और नरसिराव वाले समूह से जुड़ा है।
  • (D) अनेक क्षेत्रीय शैलियों को व्यापक राजस्थानी चित्रकला के भीतर समझना बाद की शोधपरक दिशा है, जबकि ब्राउन आरम्भिक राजपूत कला मत से जुड़े हैं।

अवधारणा

राजस्थान कला-संस्कृति में चित्रकला का इतिहासलेखन और शैली-वर्गीकरण महत्वपूर्ण हिस्सा है। RAS में विद्वान, पुस्तक और शैली-नाम को पास-पास रखकर भ्रमित विकल्प बनाए जाते हैं।

स्रोत

संबंधित प्रश्न