रवीना सिंह ने राजस्थान बार काउंसिल में महिला के रूप में पंजीकरण कराने वाली पहली ट्रांसजेंडर वकील बनकर ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की। पाली जिले में रविंद्र सिंह के रूप में जन्मी रवीना ने कानूनी पेशे में आने के लिए गंभीर सामाजिक बाधाओं को पार किया और ट्रांसजेंडर अधिकारों की वकालत करती हैं।

रवीना ने शिक्षा और रोजगार में ट्रांसजेंडर अधिकारों के विस्तार की मांग करते हुए राजस्थान उच्च न्यायालय में रिट याचिका दायर की है, जो सुप्रीम कोर्ट के NALSA बनाम भारत संघ (2014) के ऐतिहासिक फैसले और ट्रांसजेंडर व्यक्ति (अधिकार संरक्षण) अधिनियम, 2019 के अनुरूप है। उनका पंजीकरण राजस्थान के कानूनी पेशे में समावेशिता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।