डीएनए की दोहरी हेलिक्स संरचना के सह-खोजकर्ता जेम्स वॉटसन का 97 वर्ष की आयु में निधन
Aसीधा उत्तर
नोबेल पुरस्कार विजेता और डीएनए की दोहरी हेलिक्स संरचना के सह-खोजकर्ता जेम्स वॉटसन (1928-2025) का 97 वर्ष की आयु में निधन।
मुख्य तथ्य
डीएनए की दोहरी हेलिक्स संरचना के सह-खोजकर्ता जेम्स ड्यूई वॉटसन का 6 नवंबर 2025 को 97 वर्ष की आयु में निधन हुआ। उन्होंने फ्रांसिस क्रिक के साथ 1953 में यह खोज की थी।
वॉटसन, क्रिक और मॉरिस विल्किंस को 1962 में शरीर क्रिया विज्ञान या चिकित्सा का नोबेल पुरस्कार संयुक्त रूप से मिला।
नेचर में प्रकाशित उनका ऐतिहासिक शोधपत्र आंशिक रूप से रोज़ालिंड फ्रैंकलिन के एक्स-रे क्रिस्टलोग्राफी संबंधी कार्य पर आधारित था।
वॉटसन 1968 से 1994 तक कोल्ड स्प्रिंग हार्बर प्रयोगशाला के निदेशक, 1994 से 2003 तक अध्यक्ष और 2003 से 2007 तक चांसलर रहे।
इस खोज ने आनुवंशिकी, आणविक जीवविज्ञान और जैव प्रौद्योगिकी में क्रांतिकारी बदलाव किए तथा जीनोम अनुक्रमण और CRISPR जीन संपादन को संभव बनाया।
अमेरिकी आणविक जीवविज्ञानी जेम्स ड्यूई वॉटसन ने 1953 में फ्रांसिस क्रिक के साथ डीएनए की दोहरी हेलिक्स संरचना की खोज की थी। उनका निधन 6 नवंबर 2025 को ईस्ट नॉर्थपोर्ट, न्यूयॉर्क में 97 वर्ष की आयु में हुआ। वॉटसन, क्रिक और मॉरिस विल्किंस को 1962 में शरीर क्रिया विज्ञान या चिकित्सा का नोबेल पुरस्कार संयुक्त रूप से मिला।
नेचर में प्रकाशित उनका ऐतिहासिक शोधपत्र आंशिक रूप से रोज़ालिंड फ्रैंकलिन के एक्स-रे क्रिस्टलोग्राफी संबंधी कार्य पर आधारित था। वॉटसन 1968 से 1994 तक कोल्ड स्प्रिंग हार्बर प्रयोगशाला के निदेशक, 1994 से 2003 तक अध्यक्ष और 2003 से 2007 तक चांसलर रहे। इस खोज ने आनुवंशिकी, आणविक जीवविज्ञान और जैव प्रौद्योगिकी में क्रांतिकारी बदलाव किए तथा जीनोम अनुक्रमण से लेकर CRISPR जीन संपादन तक की प्रगति संभव बनाई।
PYQप्रीलिम्स/PYQ दृष्टिकोण
RAS 2023 "DNA वैक्सीन" क्या है? विश्व की प्रथम Covid-19 "DNA वैक्सीन" का नाम बताइए। — दोनों डबल हेलिक्स खोज पर आधारित डीएनए-जैव प्रौद्योगिकी प्रगति से संबंधित हैं।
मेन्स दृष्टिकोण
प्रश्न: डीएनए की दोहरी हेलिक्स संरचना की सह-खोज से जुड़ी जेम्स वॉटसन की वैज्ञानिक विरासत और आधुनिक जैव प्रौद्योगिकी तथा आनुवंशिक चिकित्सा पर उसके व्यापक प्रभाव का आकलन कीजिए।
उत्तर (50 शब्द):
वॉटसन और फ्रांसिस क्रिक ने 1953 में डीएनए की दोहरी हेलिक्स खोजी। 97 वर्षीय वॉटसन का 6 नवंबर 2025 को निधन हुआ। रोज़ालिंड फ्रैंकलिन के एक्स-रे क्रिस्टलोग्राफी शोध का आंशिक योगदान रहा। विल्किंस सहित तीनों को 1962 का नोबेल पुरस्कार मिला। इससे जीनोम अनुक्रमण और CRISPR जीन संपादन संभव हुए।
इस विषय की स्थिर तैयारी
इस खबर के पीछे का स्थायी सिलेबस पढ़ें।
आनुवंशिकी, जैव प्रौद्योगिकी एवं नैनो प्रौद्योगिकीविज्ञान एवं प्रौद्योगिकीप्रमुख व्यक्तित्व एवं स्थानसमसामयिकी
6-अक्ष वर्गीकरण
कवरेजअंतरराष्ट्रीयविषयविज्ञान-प्रौद्योगिकीपरीक्षाबेसिक कंप्यूटर इंस्ट्रक्टर · CET स्नातक · CET सीनियर सेकेंडरी · EO/RO · LDC · महिला पर्यवेक्षक · पटवार · PTI · RAS · REET · RPSC SI · स्कूल व्याख्याता · सीनियर कंप्यूटर इंस्ट्रक्टर · वरिष्ठ अध्यापक · UPSC · वनपाल · दोनोंस्रोतNPR
यह टॉपिक में दिखता है
Tपुरस्कार, प्रकाशन एवं लेखक
Tमहत्वपूर्ण व्यक्तित्व एवं स्थान
Tआनुवंशिकी, जैव प्रौद्योगिकी एवं नैनो प्रौद्योगिकी
जेम्स ड्यूई वॉटसन का निधन कब और कहाँ हुआ, और उनकी आयु कितनी थी?
जेम्स ड्यूई वॉटसन का निधन 6 नवंबर 2025 को ईस्ट नॉर्थपोर्ट, न्यूयॉर्क में 97 वर्ष की आयु में हुआ।
वॉटसन 1953 की किस वैज्ञानिक खोज से जुड़े थे?
वॉटसन ने 1953 में फ्रांसिस क्रिक के साथ डीएनए की दोहरी हेलिक्स संरचना की खोज की।
1962 का नोबेल पुरस्कार किन्हें मिला और उनके नेचर शोधपत्र में किसके काम का योगदान था?
वॉटसन, क्रिक और मॉरिस विल्किंस को 1962 में शरीर क्रिया विज्ञान या चिकित्सा का नोबेल पुरस्कार संयुक्त रूप से मिला। नेचर में प्रकाशित उनका ऐतिहासिक शोधपत्र आंशिक रूप से रोज़ालिंड फ्रैंकलिन के एक्स-रे क्रिस्टलोग्राफी संबंधी कार्य पर आधारित था।
वॉटसन ने बाद में कौन-कौन से पद संभाले और डीएनए की खोज ने किन क्षेत्रों को प्रभावित किया?
वॉटसन 1968 से 1994 तक कोल्ड स्प्रिंग हार्बर प्रयोगशाला के निदेशक, 1994 से 2003 तक अध्यक्ष और 2003 से 2007 तक चांसलर रहे। इस खोज ने आनुवंशिकी, आणविक जीवविज्ञान और जैव प्रौद्योगिकी में क्रांतिकारी बदलाव किए तथा जीनोम अनुक्रमण से लेकर CRISPR जीन संपादन तक की प्रगति संभव बनाई।
क्या यह उपयोगी था?
सुधार या छूटा परीक्षा दृष्टिकोण संपादकीय टीम को भेजें।