जनजातीय स्वतंत्रता सेनानियों — विशेषकर भगवान बिरसा मुंडा (धरती आबा) — को सम्मान देने के लिए समर्पित जनजातीय गौरव वर्ष 2025 के आयोजन 10 नवंबर 2025 को, 15 नवंबर के जनजातीय गौरव दिवस से पहले, देशभर में जारी रहे।

बिरसा मुंडा (1875-1900) ने छोटानागपुर पठार में ब्रिटिश शासन के विरुद्ध मुंडा विद्रोह का नेतृत्व किया। राजस्थान की जनजातीय आबादी (राज्य जनसंख्या का 13.5%) — भील, मीना, गरासिया और सहरिया — बाँसवाड़ा, डूंगरपुर और उदयपुर में इन आयोजनों में सक्रिय भागीदारी करती है।