वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने 13 अक्टूबर को पीएम गति शक्ति की चौथी वर्षगाँठ पर लॉजिस्टिक्स एक्सीलेंस, एडवांसमेंट एंड परफॉर्मेंस शील्ड 2025 (LEAPS 2025) शुरू किया। यह उद्योग संवर्धन और आंतरिक व्यापार विभाग (DPIIT) की प्रमुख तुलनात्मक आकलन पहल है। इसकी 13 श्रेणियाँ माल-ढुलाई क्षेत्र की संस्थाओं में पर्यावरण, सामाजिक और शासन (ESG) मानकों के अनुपालन, हरित माल-ढुलाई, पारदर्शिता और लचीलेपन को बढ़ावा देती हैं।

राष्ट्रीय पुरस्कार पोर्टल पर आवेदन माँगे गए। पत्र सूचना कार्यालय (PIB) की बाद की रिपोर्ट के अनुसार ऑनलाइन आवेदन 13 अक्टूबर से 26 दिसंबर 2025 तक चले। विशेषज्ञ समिति की बैठकें 11-12 फरवरी 2026 को और पुरस्कार समिति की बैठक 17 मार्च 2026 को हुई। 13 मई 2026 को नई दिल्ली में LEAPS 2025 के विजेताओं को सम्मानित किया गया। भारत का माल-ढुलाई क्षेत्र 2021 में 215 अरब अमेरिकी डॉलर का था और 2.2 करोड़ से अधिक लोगों को रोजगार देता है। उद्योग संवर्धन और आंतरिक व्यापार विभाग तथा राष्ट्रीय अनुप्रयुक्त आर्थिक अनुसंधान परिषद (DPIIT-NCAER) के अध्ययन में 2023-24 के लिए माल-ढुलाई लागत सकल घरेलू उत्पाद की 7.97% आँकी गई। राष्ट्रीय माल-ढुलाई नीति का लक्ष्य इस लागत को एक अंक में लाना है।