नवंबर 2025 की शुरुआत में चर्चा में आई G20 वैश्विक असमानता रिपोर्ट के अनुसार, 2000 से 2024 के बीच दुनिया में बनी नई संपत्ति का 41% शीर्ष 1% के पास गया। भारत में सबसे अमीर 1% की संपत्ति 2000 से 62% बढ़ी। रिपोर्ट ने चेताया है कि असमानता लोकतंत्र और जलवायु परिवर्तन से निपटने की कोशिशों के लिए खतरा है।

दुनिया भर में 2.3 अरब लोग खाद्य असुरक्षा का सामना कर रहे हैं। भारत में संपत्ति का गिनी सूचकांक 75 है और राष्ट्रीय संपत्ति का 77% शीर्ष 10% के पास है। बढ़ती खाई को कम करने के लिए रिपोर्ट ने संपत्ति कर, कार्बन कर और विरासत कर समेत प्रगतिशील कर व्यवस्था अपनाने का सुझाव दिया है। रिपोर्ट यह भी बताती है कि भारत में 400 से अधिक कल्याणकारी योजनाओं में दोहराव और अक्षमता की समस्या है।