आंध्र प्रदेश के कुर्नूल बस अग्निकांड में 20 लोगों की मौत; लिथियम बैटरियों ने आग और भड़काई
Aसीधा उत्तर
24 अक्टूबर को कुर्नूल बस अग्निकांड में 20 लोगों की मौत हुई; लिथियम बैटरियों में विस्फोट से आग और भड़की; प्रधानमंत्री मोदी ने प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष से अनुग्रह राशि देने की घोषणा की।
मुख्य तथ्य
24 अक्टूबर 2025 को आंध्र प्रदेश के कुर्नूल जिले में चिन्नतेकुर गाँव के पास हैदराबाद से बेंगलुरु जा रही वोल्वो बस में आग लगने से उसके 19 यात्रियों और मोटरसाइकिल सवार की मौत हो गई; बस में 41 यात्री सवार थे
सामान रखने वाले हिस्से में रखे लिथियम बैटरी वाले 234 स्मार्टफोन में विस्फोट होने से आग और भड़क गई
प्रधानमंत्री मोदी ने प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष से प्रत्येक मृतक के लिए ₹2 लाख और प्रत्येक घायल के लिए ₹50,000 की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की
जैसलमेर की त्रासदी के बाद 10 दिनों के भीतर भारत में बस में आग लगने की यह दूसरी बड़ी घटना थी
24 अक्टूबर 2025 को आंध्र प्रदेश के कुर्नूल जिले में चिन्नतेकुर गाँव के पास बस में लगी भीषण आग से उसके 19 यात्रियों और मोटरसाइकिल सवार की मौत हो गई। हैदराबाद से बेंगलुरु जा रही वोल्वो बस में 41 यात्री सवार थे। राजमार्ग पर मोटरसाइकिल से टकराने के बाद बस में आग लग गई।
सामान रखने वाले हिस्से में रखे लिथियम बैटरी वाले 234 स्मार्टफोन में विस्फोट होने से आग और भड़क गई। कुछ यात्री खिड़कियाँ तोड़कर बाहर निकल गए, जबकि अन्य सहायता पहुँचने से पहले जान गँवा बैठे। प्रधानमंत्री मोदी ने प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष से प्रत्येक मृतक के लिए ₹2 लाख और प्रत्येक घायल के लिए ₹50,000 की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की। जैसलमेर की त्रासदी के बाद 10 दिनों के भीतर भारत में बस में आग लगने की यह दूसरी बड़ी घटना थी।
0
मेन्स दृष्टिकोण
प्रश्न: अक्टूबर 2025 के कुर्नूल बस अग्निकांड के संदर्भ में सार्वजनिक परिवहन में लिथियम-आयन बैटरियों से पैदा होने वाले अग्नि सुरक्षा जोखिमों की चर्चा कीजिए और नियामक उपाय सुझाइए।
उत्तर (50 शब्द):
24 अक्टूबर 2025 को टक्कर के बाद कुर्नूल में बस में लगी आग से 20 लोगों—बस के 19 यात्रियों और मोटरसाइकिल सवार—की मौत हुई। लिथियम बैटरी वाले 234 स्मार्टफोन में विस्फोट से आग और भड़की। नियामकों को यह अनिवार्य करना चाहिए कि यात्री यात्रा से पहले बैटरियों की जानकारी दें। आग-रोधी सामान कक्ष, अतिरिक्त आपात निकास और थर्मल रनअवे का पता लगाने वाले सेंसर अनिवार्य होने चाहिए तथा यात्रियों को जागरूक करने के अभियान लगातार चलाए जाने चाहिए।
इस विषय की स्थिर तैयारी
इस खबर के पीछे का स्थायी सिलेबस पढ़ें।
रोजमर्रा विज्ञान के मूल तत्वविज्ञान एवं प्रौद्योगिकीआर्थिक एवं राजनीतिक घटनाक्रमसमसामयिकी
6-अक्ष वर्गीकरण
कवरेजराष्ट्रीयविषयराष्ट्रीयपरीक्षाबेसिक कंप्यूटर इंस्ट्रक्टर · CET स्नातक · CET सीनियर सेकेंडरी · EO/RO · LDC · महिला पर्यवेक्षक · पटवार · PTI · RAS · REET · RPSC SI · स्कूल व्याख्याता · सीनियर कंप्यूटर इंस्ट्रक्टर · वरिष्ठ अध्यापक · UPSC · वनपाल · प्रारंभिकस्रोतAl Jazeera
अक्टूबर 2025 की कुर्नूल बस आग में, किस चीज़ में हुए विस्फोटों ने आग को तेज किया?
व्याख्या · सही उत्तर B
हैदराबाद-बेंगलुरु राजमार्ग पर बस की आग सामान कम्पार्टमेंट में 234 स्मार्टफोन में लिथियम बैटरी के विस्फोटों से तेज हो गई। आंध्र प्रदेश के कुर्नूल जिले के चिन्नटेकुर गांव के पास इस घटना में कम से कम 25 यात्रियों की मृत्यु हो गई।
आंध्र प्रदेश के कुर्नूल में बस में आग लगने की घटना में क्या हुआ?
**आंध्र प्रदेश के कुर्नूल में बस में आग लगने से 20 लोगों की मौत हुई**—बस के 19 यात्री और मोटरसाइकिल सवार। मोटरसाइकिल से टकराने के बाद बस में आग लगी और सामान रखने वाले हिस्से में रखे लिथियम बैटरी वाले 234 स्मार्टफोन में विस्फोट होने से आग और भड़क गई।
कुर्नूल बस अग्निकांड में कितने लोगों की मौत हुई?
**कुर्नूल बस अग्निकांड में 20 लोगों की मौत हुई**—बस के 19 यात्री और मोटरसाइकिल सवार। यह हाल के वर्षों की सबसे घातक बस दुर्घटनाओं में से एक थी। लिथियम बैटरियों में विस्फोट होने से आग तेज़ी से फैल गई।
कुर्नूल बस अग्निकांड में लिथियम बैटरियों की क्या भूमिका रही?
सामान रखने वाले हिस्से में रखे 234 स्मार्टफोन की **लिथियम बैटरियों** में आग के दौरान विस्फोट हुआ, जिससे **थर्मल रनअवे** की स्थिति बनी। इस श्रृंखलाबद्ध प्रतिक्रिया से तेज़ गर्मी, ज़हरीला धुआँ और ऐसी लपटें निकलती हैं जिन्हें पानी से बुझाना मुश्किल होता है।
कुर्नूल बस अग्निकांड सार्वजनिक परिवहन की सुरक्षा को लेकर कौन-सी चिंताएँ सामने लाता है?
इस त्रासदी ने **भारत के सड़क परिवहन में सुरक्षा संबंधी कमियों** को सामने रखा: बसों में आग बुझाने की पर्याप्त व्यवस्था न होना, आपात निकास तक पहुँचना मुश्किल होना, लिथियम बैटरियों में आग लगने का खतरा और आग से जुड़ी आपात स्थिति से निपटने के लिए चालकों के प्रशिक्षण में कमी।
कुर्नूल जैसी बस अग्नि दुर्घटनाओं को रोकने के लिए क्या उपाय किए जा सकते हैं?
ऐसी घटनाएँ रोकने के उपायों में **बसों में स्वचालित अग्निशमन प्रणाली अनिवार्य करना, आग-रोधी सीटें लगाना, आपात निकास का अभ्यास कराना, ताप सेंसर लगाना और यात्री हिस्से में खुली लिथियम बैटरियाँ ले जाने पर रोक लगाना** तथा बसों की नियमित सुरक्षा जाँच करना शामिल है।
क्या यह उपयोगी था?
सुधार या छूटा परीक्षा दृष्टिकोण संपादकीय टीम को भेजें।