RAS प्रश्न
8 अगस्त 1942 को भारत छोड़ो आंदोलन के प्रारंभ में गोवालिया टैंक मैदान पर राष्ट्रीय ध्वज किसने फहराया?
सही उत्तर: (B) अरुणा आसफ अली।
8 अगस्त 1942 को भारत छोड़ो आंदोलन के प्रारंभ में गोवालिया टैंक मैदान पर राष्ट्रीय ध्वज अरुणा आसफ अली ने फहराया था।
व्याख्या
अरुणा आसफ अली सही उत्तर हैं, क्योंकि 8 अगस्त 1942 को बंबई के गोवालिया टैंक मैदान, जिसे अब अगस्त क्रांति मैदान कहा जाता है, में उन्होंने ध्वज फहराया। यह भारत छोड़ो आंदोलन के प्रारंभ की प्रतीकात्मक घटना थी। इसी दौर में 9 अगस्त की सुबह गांधी सहित अधिकांश कांग्रेस नेता गिरफ्तार कर लिए गए। अरुणा आसफ अली गिरफ्तारी के बाद के दबाव में पीछे नहीं हटीं; वे भूमिगत रहीं और आंदोलन से जुड़ी रहीं। यह घटना केवल नाम याद रखने से आगे, भारत छोड़ो आंदोलन में महिला नेतृत्व और मैदान-स्तर की राजनीतिक कार्रवाई को पहचानने से जुड़ी है। उन्हें स्वतंत्रता आंदोलन की प्रमुख महिला हस्ती माना गया और 1997 में मरणोपरांत भारत रत्न मिला।
बाक़ी विकल्प ग़लत क्यों हैं
- (A) सरोजिनी नायडू आंदोलन की प्रमुख नेता थीं, लेकिन वे अन्य नेताओं के साथ गिरफ्तार हुईं; गोवालिया टैंक मैदान पर ध्वज फहराने की घटना उनसे नहीं जुड़ी है।
- (C) कस्तूरबा गाँधी को भी शीघ्र गिरफ्तार किया गया था, इसलिए इस विशेष घटना में उनकी भूमिका गिरफ्तारी से जुड़ती है, ध्वज फहराने से नहीं।
- (D) ऊषा मेहता की भूमिका भूमिगत कांग्रेस रेडियो चलाने से जुड़ी थी, जबकि गोवालिया टैंक मैदान पर ध्वज फहराने वाली नेता अरुणा आसफ अली थीं।
अवधारणा
आधुनिक भारतीय इतिहास में भारत छोड़ो आंदोलन के प्रतीक, स्थान और महिला नेतृत्व की समझ महत्वपूर्ण है। RAS में ऐसे तथ्य इसलिए दोहराए जाते हैं, क्योंकि एक ही घटना में तारीख, स्थान और प्रमुख व्यक्तित्व साथ जुड़े होते हैं।
