RAS प्रश्न
काकोरी षड्यंत्र केस (1925) किससे संबंधित था?
सही उत्तर: (C) सरकारी खजाना ले जा रही ट्रेन की लूट।
काकोरी षड्यंत्र केस 1925 सरकारी खजाना ले जा रही ट्रेन की लूट से संबंधित था।
व्याख्या
काकोरी षड्यंत्र को समझने की कुंजी यह है कि यह किसी अधिकारी की हत्या या भवन पर हमला नहीं था, बल्कि औपनिवेशिक सरकार के खजाने पर सीधी कार्रवाई थी। 9 अगस्त 1925 को हिंदुस्तान रिपब्लिकन एसोसिएशन के सदस्यों ने काकोरी, लखनऊ, उत्तर प्रदेश के पास सरकारी खजाना ले जा रही ट्रेन को लूटा। प्रेस सूचना ब्यूरो के लेख में भी काकोरी को रेल कार्रवाई बताया गया है और कहा गया है कि हिंदुस्तान रिपब्लिकन एसोसिएशन ने ब्रिटिश खजाने की रकम कब्जे में लेने के लिए ट्रेन पर छापे की योजना बनाई थी। घटना का वास्तविक स्वरूप सरकारी खजाना ले जा रही ट्रेन की लूट ही था। इसी प्रकरण में राम प्रसाद बिस्मिल, अशफाकउल्लाह खान, रोशन सिंह और राजेंद्र लाहिड़ी को फांसी दी गई।
बाक़ी विकल्प ग़लत क्यों हैं
- (A) काकोरी प्रकरण का आधार किसी ब्रिटिश अधिकारी की हत्या नहीं, बल्कि सरकारी खजाना ले जा रही ट्रेन पर की गई कार्रवाई थी।
- (B) केंद्रीय विधान सभा में बम फेंकना काकोरी प्रकरण से मेल नहीं खाता, क्योंकि यहां घटना ट्रेन से ब्रिटिश खजाना लेने की थी।
- (D) पुलिस थाने पर हमला काकोरी की मुख्य घटना नहीं थी; प्रेस सूचना ब्यूरो भी इसे ट्रेन और खजाने से जोड़ता है।
अवधारणा
यह प्रश्न आधुनिक भारत के क्रांतिकारी आंदोलन, खासकर हिंदुस्तान रिपब्लिकन एसोसिएशन की कार्रवाइयों की पहचान पर आधारित है। RAS में ऐसी घटनाएं बार-बार पूछी जाती हैं क्योंकि नाम, वर्ष, स्थान और कार्रवाई का स्वरूप अलग-अलग विकल्पों में उलझाया जाता है।
