RAS प्रश्न
प्रसिद्ध पुस्तक 'मैं नास्तिक क्यों हूँ' किसने लिखी?
सही उत्तर: (A) भगत सिंह।
‘मैं नास्तिक क्यों हूँ’ भगत सिंह ने 1930 में जेल में रहते हुए लिखा था।
व्याख्या
भगत सिंह ने ‘मैं नास्तिक क्यों हूँ’ 1930 में जेल में लिखा था। यह उनकी प्रमुख जेल-कालीन रचनाओं में से एक है। इस आत्मकथात्मक और आत्मचिंतनपरक निबंध में उन्होंने अपने जीवन, धर्म से अपने संबंध और धर्म को अस्वीकार करने के विचार पर चिंतन किया। इसमें उनकी तर्कवादी और समाजवादी सोच, वैज्ञानिक दृष्टि तथा लोगों के दुख के प्रति मानवीय संवेदना दिखाई देती है। उनकी बौद्धिक सोच पर मार्क्सवाद और बर्ट्रेंड रसेल के लेखन का प्रभाव भी साफ़ है। जेल में रहते हुए उन्होंने दर्शन, राजनीति, इतिहास और समाज का भी व्यापक अध्ययन किया। इसलिए यह शीर्षक कोई सामान्य क्रांतिकारी नारा नहीं, बल्कि भगत सिंह की जेल-कालीन रचनाओं में शामिल इसी विशेष निबंध का नाम है।
बाक़ी विकल्प गलत क्यों हैं
- (B) चंद्रशेखर आज़ाद एक क्रांतिकारी थे, लेकिन इस निबंध के लेखक नहीं थे। ‘मैं नास्तिक क्यों हूँ’ भगत सिंह की प्रमुख जेल-कालीन रचनाओं में से एक है।
- (C) राम प्रसाद बिस्मिल इस निबंध के लेखक नहीं थे। ‘मैं नास्तिक क्यों हूँ’ भगत सिंह की जेल-कालीन रचनाओं में शामिल है।
- (D) ऊधम सिंह एक अन्य स्वतंत्रता सेनानी थे, लेकिन इस निबंध के लेखक नहीं थे। ‘मैं नास्तिक क्यों हूँ’ भगत सिंह की जेल-कालीन रचनाओं में शामिल है।
अवधारणा
क्रांतिकारी साहित्य और जेल में लिखी गई रचनाएँ आधुनिक भारतीय इतिहास का हिस्सा हैं। किसी रचना को किसने लिखा, यह जानने से लेखक के जीवन और विचारधारा के बीच संबंध समझने में मदद मिलती है। भगत सिंह का लेखन स्वतंत्रता संग्राम को तर्कवादी, समाजवादी और व्यापक बौद्धिक धाराओं से जोड़ता है।
