RAS प्रश्न
सरपंच अविश्वास प्रस्ताव:
सही उत्तर: (D) 3/4।
राजस्थान पंचायती राज अधिनियम, 1994 की धारा 37 के तहत सरपंच के विरुद्ध अविश्वास प्रस्ताव पारित होने के लिए संबंधित पंचायती राज संस्था के निर्वाचित सदस्यों के कम से कम 3/4 समर्थन की जरूरत होती है।
व्याख्या
धारा 37 सरपंच सहित पंचायती राज संस्था के अध्यक्ष और उपाध्यक्ष के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव की प्रक्रिया बताती है। इसमें प्रस्ताव लाने की सूचना के लिए सीधे निर्वाचित सदस्यों के कम से कम 1/3 हस्ताक्षर चाहिए, लेकिन प्रस्ताव पारित करने की कसौटी इससे कहीं ऊंची है। धारा 37(11) के अनुसार प्रस्ताव तभी माना जाएगा जब संबंधित पंचायती राज संस्था के निर्वाचित सदस्यों में से कम से कम 3/4 उसका समर्थन करें। इसलिए यहां 2/3 या साधारण बहुमत पर्याप्त नहीं है; कानून ने सरपंच जैसे निर्वाचित पद को हटाने के लिए मजबूत और व्यापक समर्थन की शर्त रखी है।
बाक़ी विकल्प ग़लत क्यों हैं
- (A) 2/3 बहुमत धारा 37(11) की कानूनी सीमा से कम है, क्योंकि प्रस्ताव पारित करने के लिए कम से कम 3/4 निर्वाचित सदस्यों का समर्थन चाहिए।
- (B) सर्वसम्मति कानून की शर्त नहीं है; धारा 37 प्रस्ताव पारित करने के लिए 3/4 समर्थन मांगती है, सभी सदस्यों की सहमति नहीं।
- (C) साधारण बहुमत केवल आधे से अधिक समर्थन दिखाता है, जबकि सरपंच के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव के लिए धारा 37 में 3/4 समर्थन जरूरी है।
अवधारणा
यह प्रश्न राजस्थान पंचायती राज संस्थाओं में निर्वाचित पदाधिकारियों की जवाबदेही और पद से हटाने की वैधानिक प्रक्रिया को जांचता है। RAS में यह इसलिए बार-बार आता है क्योंकि स्थानीय स्वशासन में गणपूर्ति, सूचना और बहुमत जैसी सूक्ष्म शर्तें अक्सर विकल्पों में उलझाई जाती हैं।
