तैयारी गाइड
क्या CTET में करेंट अफेयर्स या जीके आते हैं?
नहीं। जुलाई 2026 तक आधिकारिक CTET सिलेबस में पेपर I या पेपर II के लिए करेंट अफेयर्स या जीके का कोई अलग सेक्शन नहीं है। भाषा का गद्यांश, शिक्षण की स्थिति, पर्यावरण अध्ययन का विषय या सामाजिक विज्ञान का सवाल रोजमर्रा के किसी परिचित संदर्भ पर आधारित हो सकता है, लेकिन तैयारी तय सिलेबस के अनुसार करें, सामान्य प्रतियोगी परीक्षाओं की जीके सूची के अनुसार नहीं।
क्या आधिकारिक CTET सिलेबस में करेंट अफेयर्स या जीके है?
जुलाई 2026 तक, मौजूदा आधिकारिक बुलेटिन में दोनों पेपरों के सभी सेक्शन दिए गए हैं, लेकिन करेंट अफेयर्स, सामान्य जागरूकता, सामान्य अध्ययन या जीके का अलग सेक्शन नहीं दिया गया है। पेपर I में बाल विकास और शिक्षण, गणित, पर्यावरण अध्ययन, भाषा I और भाषा II हैं। पेपर II में बाल विकास और शिक्षण, भाषा I, भाषा II और गणित-विज्ञान या सामाजिक अध्ययन-सामाजिक विज्ञान में से एक विकल्प है। इसलिए करेंट अफेयर्स के लिए अलग से कोई अंक नहीं दिए जाते। तैयारी सामग्री में “CTET जीके” जैसा नाम दिखे तो उसे आधिकारिक सिलेबस का अतिरिक्त सेक्शन न मानें। पहले [CTET सिलेबस पेज](/ctet/main/syllabus) पर आधिकारिक दायरा देखें और हर विषय को वहीं दिए गए किसी सेक्शन के तहत रखें।
CTET पेपर I में कौन-कौन से विषय हैं?
जुलाई 2026 तक, पेपर I प्राथमिक स्तर के लिए है और इसका आधिकारिक प्रारूप यह है:
| सेक्शन | सवाल | मार्क्स |
|---|---|---|
| बाल विकास और शिक्षण | 30 | 30 |
| गणित | 30 | 30 |
| पर्यावरण अध्ययन | 30 | 30 |
| भाषा I | 30 | 30 |
| भाषा II | 30 | 30 |
| कुल | 150 | 150 |
सभी 5 सेक्शन ज़रूरी हैं। पर्यावरण अध्ययन में तय विषय और शिक्षण से जुड़े मुद्दे हैं; इसमें मनचाहे जीके विषय नहीं जोड़े जा सकते। बुलेटिन के अनुसार पेपर I के सवाल कक्षा I–V के NCERT विषयों पर आधारित होते हैं, हालांकि सवालों की कठिनाई और विषयों से उनका जुड़ाव माध्यमिक स्तर तक जा सकता है। अलग करेंट अफेयर्स नोटबुक जोड़ने के बजाय तय अवधारणाओं, सवाल हल करने की क्षमता, भाषा कौशल और पढ़ाने के तरीकों की तैयारी करें।
CTET पेपर II में कौन-कौन से विषय हैं?
जुलाई 2026 तक, पेपर II उच्च प्राथमिक स्तर के लिए है और इसका आधिकारिक प्रारूप यह है:
| सेक्शन | सवाल | मार्क्स |
|---|---|---|
| बाल विकास और शिक्षण | 30 | 30 |
| गणित और विज्ञान या सामाजिक अध्ययन-सामाजिक विज्ञान | 60 | 60 |
| भाषा I | 30 | 30 |
| भाषा II | 30 | 30 |
| कुल | 150 | 150 |
विषय का विकल्प बुलेटिन में बताई गई शिक्षक की भूमिका पर निर्भर है; यह पेपर का कोई अतिरिक्त सेक्शन नहीं है। गणित और विज्ञान के सवाल विषय की अवधारणाओं और शिक्षण, दोनों को जांचते हैं। सामाजिक अध्ययन-सामाजिक विज्ञान में तय विषय और शिक्षण से जुड़े मुद्दे आते हैं। बुलेटिन के अनुसार पेपर II के सवाल कक्षा VI–VIII के NCERT विषयों पर आधारित होते हैं, जबकि सवालों की कठिनाई और विषयों से उनका जुड़ाव उच्च माध्यमिक स्तर तक जा सकता है। इनमें से कोई भी नाम करेंट अफेयर्स या सामान्य जीके का अलग सेक्शन नहीं बनाता।
क्या करेंट घटनाएं भाषा या शिक्षण के सवालों के संदर्भ में आ सकती हैं?
जुलाई 2026 तक, आधिकारिक भाषा सिलेबस में अनदेखे गद्यांश हैं और उनसे समझ, निष्कर्ष, व्याकरण और भाषा की क्षमता जांची जाती है। गद्यांश साहित्यिक, वैज्ञानिक, कथात्मक या विचारपरक हो सकता है, लेकिन सिलेबस में करेंट अफेयर्स याद करने की मांग नहीं है। अगर किसी अनदेखे गद्यांश में हाल का कोई मुद्दा हो, तो जवाब गद्यांश और पूछे गए भाषा कौशल के आधार पर दें; यह न मानें कि बाहर की खबरें जानना ज़रूरी है। बाल विकास और शिक्षण में भी सीखने, विद्यार्थियों, आकलन, समावेश और कक्षा की प्रक्रिया पर ध्यान रहता है। कक्षा का उदाहरण किसी आम सामाजिक परिस्थिति पर आधारित हो सकता है, फिर भी सवाल शिक्षण से जुड़ी समझ ही जांचता है। सीधा नियम यह है कि गद्यांश या स्थिति समझने भर के लिए रोजमर्रा के संदर्भों की जानकारी रखें, लेकिन ऐसा अलग करेंट अफेयर्स सिलेबस न बनाएं जिसका नाम बुलेटिन में नहीं है।
क्या पर्यावरण अध्ययन और सामाजिक विज्ञान ही जीके का दूसरा नाम हैं?
नहीं। जुलाई 2026 तक, पेपर I के पर्यावरण अध्ययन में परिवार और मित्र, भोजन, आवास, पानी, यात्रा, हमारे बनाए और किए जाने वाले काम तथा शिक्षण से जुड़े मुद्दों की तय सूची है। पेपर II का सामाजिक अध्ययन-सामाजिक विज्ञान इतिहास, भूगोल, सामाजिक और राजनीतिक जीवन तथा शिक्षण से जुड़े मुद्दों में व्यवस्थित है। सरकार, मीडिया, संविधान, संसाधन और कृषि जैसे विषय अलग-अलग तथ्यों के रूप में जीके जैसे लग सकते हैं, लेकिन CTET इन्हें स्कूली विषय की समझ और पढ़ाने के तरीके के भीतर रखता है। जहां सिलेबस मांगता है, वहां अवधारणाएं, पाठ्यपुस्तक से जुड़ाव, कक्षा की प्रक्रिया, जांच-पड़ताल, प्रमाणों का इस्तेमाल और आकलन तैयार करें। केवल इसलिए इन सेक्शन में बेतरतीब पुरस्कार, नियुक्तियां, खेल नतीजे, रोज की खबरें या असंबंधित एक-पंक्ति तथ्य न जोड़ें कि किसी अभ्यास सामग्री में इन्हें जीके कहा गया है।
सामान्य जीके में जरूरत से ज़्यादा पढ़े बिना तैयारी कैसे करें?
हर तैयारी सामग्री पर पहले सिलेबस की कसौटी लगाएं। पहले सही स्तर चुनें और [CTET परीक्षा परिचय](/ctet) देखें। फिर आधिकारिक [CTET सिलेबस](/ctet/main/syllabus) से बाल विकास और शिक्षण, दोनों भाषाओं और अपने विषय के सेक्शन की चेकलिस्ट बनाएं। इसके बाद NCERT से जुड़ी अवधारणाओं, गद्यांश, शिक्षण और पुराने सवालों की शैली का अभ्यास करें; जिस अलग जीके सेट के विषय इस चेकलिस्ट से न जुड़ें, उसे छोड़ दें। साफ खबरें या सार्वजनिक मुद्दों पर आसान भाषा में लिखे लेख थोड़ा पढ़ने से पढ़ने की गति बेहतर हो सकती है, लेकिन इसके कारण सिलेबस की पढ़ाई पीछे नहीं होनी चाहिए। परीक्षा के नियम भी अलग रखें: विषयों की तैयारी में सवाल हल करने की रणनीति मिलाने के बजाय मार्किंग नियम के लिए [CTET नेगेटिव मार्किंग गाइड](/guides/ctet-negative-marking-rule-2026) देखें। इससे उपयोगी संदर्भ छोड़े बिना तैयारी केंद्रित रहती है।
आधिकारिक स्रोत
इस गाइड के लिए उपयोग किए गए स्रोत दस्तावेज़ देखें।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
क्या CTET में जीके का अलग सेक्शन है?
नहीं। जुलाई 2026 तक, पेपर I या पेपर II के आधिकारिक प्रारूप में जीके या करेंट अफेयर्स का अलग सेक्शन नहीं है। अपने पेपर के लिए केवल तय भाषा, शिक्षण, गणित, पर्यावरण अध्ययन, विज्ञान या सामाजिक विज्ञान के सेक्शन तैयार करें।
क्या CTET के भाषा गद्यांश में कोई मौजूदा विषय हो सकता है?
उसमें अलग-अलग विषय हो सकते हैं। जुलाई 2026 तक, आधिकारिक सिलेबस साहित्यिक, वैज्ञानिक, कथात्मक या विचारपरक गद्यांश की अनुमति देता है और समझ, निष्कर्ष, व्याकरण तथा भाषा की क्षमता जांचता है। हाल की लगने वाली किसी स्थिति को गद्यांश का संदर्भ मानें, अलग करेंट अफेयर्स सिलेबस का प्रमाण नहीं।
क्या पेपर I का पर्यावरण अध्ययन सामान्य जीके जैसा है?
नहीं। जुलाई 2026 तक, पर्यावरण अध्ययन में तय विषय और शिक्षण से जुड़े मुद्दे हैं। किसी बेतरतीब सामान्य जीके प्रश्न बैंक को उसकी जगह रखने के बजाय उन्हीं आधिकारिक विषयों और उन्हें पढ़ाने के तरीकों की तैयारी करें।
पेपर I और पेपर II में विषयों के समूह क्या हैं?
जुलाई 2026 तक, पेपर I में 5 ज़रूरी सेक्शन हैं: बाल विकास और शिक्षण, गणित, पर्यावरण अध्ययन, भाषा I और भाषा II। पेपर II में बाल विकास और शिक्षण, भाषा I, भाषा II तथा गणित-विज्ञान या सामाजिक अध्ययन-सामाजिक विज्ञान में 60 सवाल वाला विकल्प है; हर पेपर में कुल 150 सवाल और 150 मार्क्स हैं।
क्या केवल CTET के लिए रोज खबरें पढ़नी चाहिए?
आधिकारिक सिलेबस की जगह नहीं। सार्वजनिक मुद्दों पर आसान भाषा में लिखे लेख पढ़ने से समझ बढ़ सकती है और रोजमर्रा के संदर्भ पकड़ने में आसानी हो सकती है, लेकिन जुलाई 2026 तक केवल CTET के लिए रोज बहुत ज़्यादा करेंट अफेयर्स पढ़ना उचित नहीं ठहराया जा सकता, क्योंकि ऐसा कोई अलग सेक्शन दिया ही नहीं गया है।
