राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने 10–13 मार्च 2026 की उच्च स्तरीय प्रशासनिक समीक्षा में 'विकसित राजस्थान 2047' दृष्टिकोण के अनुरूप राजस्थान के हर गांव और वार्ड के लिए व्यापक मास्टर प्लान तैयार करने की घोषणा की। ये योजनाएं महिलाओं, युवाओं, किसानों और आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के सुझावों को शामिल करते हुए स्थानीय स्तर से परामर्श लेकर बनाई जाएंगी और इन्हें अल्पकालिक, मध्यकालिक और दीर्घकालिक चरणों में तैयार किया जाएगा।

ग्राम एवं वार्ड मास्टर प्लान के मुख्य उद्देश्य हैं: अनियमित निर्माण को रोकने के लिए ग्रामीण क्षेत्रों का नियोजित विकास; गांवों से शहरों की ओर पलायन को कम करना; जल जीवन मिशन, PM आवास योजना और ग्रामीण विद्युतीकरण जैसी राज्य योजनाओं के साथ बेहतर एकीकरण; और पंचायत स्तर पर SDG लक्ष्यों की प्राप्ति।

यह पहल संविधान के अनुच्छेद 243 और 243-G (11वीं अनुसूची) के प्रावधानों के अनुरूप है, जो पंचायतों को आर्थिक विकास और सामाजिक न्याय के लिए योजनाएं तैयार करने का अधिकार देते हैं। राजस्थान में 11,341 ग्राम पंचायतें हैं, इसलिए यह एक व्यापक सहभागी नियोजन प्रक्रिया है।