महिला और बाल विकास मंत्रालय ने 27 अप्रैल 2026 को घोषणा की कि भारत सरकार ने प्रधानमंत्री राष्ट्रीय बाल पुरस्कार के लिए राष्ट्रीय पुरस्कार पोर्टल से नामांकन आमंत्रित किए हैं। विज्ञप्ति में इस पुरस्कार को देशभर के बच्चों की असाधारण उपलब्धियों को मान्यता देने के लिए प्रतिवर्ष दिया जाने वाला प्रतिष्ठित राष्ट्रीय स्तर का सम्मान बताया गया। इसमें मान्यता के छह क्षेत्र निर्दिष्ट किए गए: वीरता, खेल, समाज सेवा, विज्ञान और प्रौद्योगिकी, पर्यावरण, तथा कला और संस्कृति। इसलिए सूचना केवल शैक्षणिक उपलब्धि तक सीमित नहीं है; इसमें सार्वजनिक साहस, सामाजिक योगदान, वैज्ञानिक प्रतिभा, पर्यावरणीय कार्य और सांस्कृतिक उत्कृष्टता शामिल हैं। पात्रता आयु, नागरिकता और निवास के आधार पर तय है। 31 जुलाई 2026 को 5 वर्ष से अधिक और 18 वर्ष से अधिक नहीं आयु वाला कोई भी बच्चा पात्र है, यदि वह भारतीय नागरिक है और भारत में निवास करता है। यही तारीख आयु कट-ऑफ और ऑनलाइन आवेदन प्राप्ति की अंतिम तिथि दोनों है। मंत्रालय ने कहा कि नामांकन केवल राष्ट्रीय पुरस्कार पोर्टल से स्वीकार होंगे। कोई भी नागरिक नामांकन जमा कर सकता है, और स्व-नामांकन तथा अनुशंसा दोनों पर विचार होगा। इससे परिवारों, विद्यालयों, समुदाय के सदस्यों और संस्थानों को योग्य बच्चों को राष्ट्रीय स्तर पर सामने लाने का औपचारिक मार्ग मिलता है। विज्ञप्ति में आवेदकों से अधिक जानकारी के लिए पोर्टल देखने को कहा गया और ऑनलाइन जमा करने को आवश्यक माध्यम बनाया गया। शासन की दृष्टि से यह घोषणा परिभाषित श्रेणियों, पात्रता कट-ऑफ और समयसीमा वाला एकल डिजिटल मार्ग दिखाती है। बाल कल्याण के लिए यह मान्यता को उन क्षेत्रों में उपलब्धि प्रोत्साहित करने का तरीका बनाती है, जो व्यक्तिगत प्रतिभा को सार्वजनिक महत्व से जोड़ते हैं।