अति विशिष्ट सेवा मेडल और वायु सेना मेडल से सम्मानित एयर मार्शल जसवीर सिंह मान ने 1 जुलाई 2026 को भारतीय वायु सेना की दक्षिणी वायु कमान के एयर ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ (एओसी-इन-सी) के रूप में पदभार ग्रहण किया। इस अवसर पर उन्हें दक्षिणी वायु कमान के मुख्यालय में औपचारिक गार्ड ऑफ ऑनर प्रदान किया गया। 16 दिसंबर 1989 को भारतीय वायु सेना की लड़ाकू शाखा में कमीशन प्राप्त करने वाले इस अधिकारी ने रक्षा सेवा स्टाफ कॉलेज तथा हायर एयर कमांड से अध्ययन किया है और लंदन (यूनाइटेड किंगडम) स्थित रॉयल कॉलेज ऑफ डिफेंस स्टडीज से स्नातकोत्तर उपाधि प्राप्त की है। वे एक योग्य पायलट अटैक इंस्ट्रक्टर हैं और उन्होंने अपाचे, मिग-21, जगुआर, मिग-29, एसयू-30 तथा राफेल जैसे विभिन्न विमानों पर तीन हजार घंटे से अधिक उड़ान का अनुभव प्राप्त किया है। लगभग चार दशकों के अपने शानदार सेवा करियर में उन्होंने एक लड़ाकू स्क्वाड्रन की कमान संभाली तथा एक प्रमुख लड़ाकू अड्डे के एयर ऑफिसर कमांडिंग के रूप में कार्य किया। उन्होंने वायु रक्षा कमांडर और एक कमान में प्रशासन प्रभारी वरिष्ठ अधिकारी सहित महत्वपूर्ण कमान एवं स्टाफ पदों पर कार्य किया है। वायु मुख्यालय में उन्होंने असिस्टेंट चीफ ऑफ एयर स्टाफ ऑपरेशन्स (ऑफेंसिव) तथा महानिदेशक (हथियार प्रणाली) के पद संभाले। वर्तमान नियुक्ति से पूर्व वे पश्चिमी वायु कमान में वरिष्ठ वायु स्टाफ अधिकारी थे। उन्होंने उत्तम युद्ध सेवा मेडल, अति विशिष्ट सेवा मेडल और वायु सेना मेडल से सम्मानित एयर मार्शल मनीष खन्ना का स्थान लिया है, जो चार दशकों की सेवा के बाद 30 जून 2026 को सेवानिवृत्त हुए।
एयर मार्शल जसवीर सिंह मान ने दक्षिणी वायु कमान के एओसी-इन-सी का पदभार संभाला
अति विशिष्ट सेवा मेडल और वायु सेना मेडल से सम्मानित एयर मार्शल जसवीर सिंह मान ने 1 जुलाई 2026 को भारतीय वायु सेना की दक्षिणी वायु कमान के एओसी-इन-सी का पदभार संभाला। उन्होंने 30 जून 2026 को सेवानिवृत्त हुए एयर मार्शल मनीष खन्ना का स्थान लिया। 1989 में कमीशन प्राप्त इस लड़ाकू पायलट के पास तीन हजार घंटे से अधिक उड़ान का अनुभव है और वे पश्चिमी वायु कमान में वरिष्ठ वायु स्टाफ अधिकारी सहित प्रमुख पदों पर रह चुके हैं।
मुख्य तथ्य
- अति विशिष्ट सेवा मेडल और वायु सेना मेडल से सम्मानित एयर मार्शल जसवीर सिंह मान ने 1 जुलाई 2026 को दक्षिणी वायु कमान के एओसी-इन-सी का पदभार संभाला।
- उन्हें 16 दिसंबर 1989 को भारतीय वायु सेना की लड़ाकू शाखा में कमीशन प्राप्त हुआ था।
- एक पायलट अटैक इंस्ट्रक्टर के रूप में उनके पास अपाचे, मिग-21, जगुआर, मिग-29, एसयू-30 और राफेल पर तीन हजार घंटे से अधिक उड़ान का अनुभव है।
- वे रक्षा सेवा स्टाफ कॉलेज एवं हायर एयर कमांड से अध्ययन कर चुके हैं तथा लंदन के रॉयल कॉलेज ऑफ डिफेंस स्टडीज से स्नातकोत्तर हैं।
- इस नियुक्ति से पूर्व वे पश्चिमी वायु कमान में वरिष्ठ वायु स्टाफ अधिकारी थे।
- उन्होंने चार दशकों की सेवा के बाद 30 जून 2026 को सेवानिवृत्त हुए एयर मार्शल मनीष खन्ना का स्थान लिया।
6-अक्ष वर्गीकरण
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निम्नलिखित में से किस अधिकारी ने 1 जुलाई 2026 को भारतीय वायु सेना की दक्षिणी वायु कमान के एयर ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ (एओसी-इन-सी) का पदभार संभाला?
अति विशिष्ट सेवा मेडल और वायु सेना मेडल से सम्मानित एयर मार्शल जसवीर सिंह मान ने 1 जुलाई 2026 को दक्षिणी वायु कमान के एओसी-इन-सी का पदभार संभाला। उन्होंने 30 जून 2026 को सेवानिवृत्त हुए एयर मार्शल मनीष खन्ना का स्थान लिया।
स्रोत: PIB
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
1 जुलाई 2026 को दक्षिणी वायु कमान के एओसी-इन-सी का पदभार किसने संभाला?
एयर मार्शल जसवीर सिंह मान ने 1 जुलाई 2026 को दक्षिणी वायु कमान के एयर ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ का पदभार संभाला।
एयर मार्शल जसवीर सिंह मान ने किसका स्थान लिया?
उन्होंने एयर मार्शल मनीष खन्ना का स्थान लिया, जो चार दशकों की सेवा के बाद 30 जून 2026 को सेवानिवृत्त हुए।
एयर मार्शल मान को किन विमानों पर उड़ान का अनुभव है?
उन्हें अपाचे, मिग-21, जगुआर, मिग-29, एसयू-30 और राफेल सहित विभिन्न विमानों पर तीन हजार घंटे से अधिक उड़ान का अनुभव है।
इस नियुक्ति से पूर्व वे किस पद पर थे?
दक्षिणी वायु कमान का पदभार संभालने से पूर्व वे पश्चिमी वायु कमान में वरिष्ठ वायु स्टाफ अधिकारी थे।
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