जसप्रीत बुमराह ने 10 अक्टूबर 2025 को दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में वेस्टइंडीज के खिलाफ दूसरे टेस्ट के दौरान एक अहम उपलब्धि हासिल की। वे टेस्ट, वनडे और टी20 अंतरराष्ट्रीय, तीनों प्रारूपों में 50-50 मैच खेलने वाले पहले भारतीय तेज गेंदबाज बने। उस समय उनके नाम 50 टेस्ट, 89 वनडे और 75 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच थे। इस वजह से वे भारत के '50-50-50' क्लब में शामिल होने वाले सातवें क्रिकेटर बने। इस समूह में एमएस धोनी, विराट कोहली, रोहित शर्मा, रवींद्र जडेजा, रविचंद्रन अश्विन और केएल राहुल पहले से शामिल थे।

परीक्षा की दृष्टि से यह खेल समसामयिकी का ऐसा रिकॉर्ड है जिसमें प्रीलिम्स के लिए साफ तथ्य मिलते हैं। अभ्यर्थियों को तारीख, स्थान, विपक्षी टीम, मैच का प्रारूप और 50-50-50 क्लब का अर्थ याद रखना चाहिए: टेस्ट, वनडे और टी20 अंतरराष्ट्रीय में 50 या उससे अधिक मैच। इस क्लब के भारतीय सदस्यों के नाम भी महत्वपूर्ण हैं, क्योंकि प्रश्न यह पूछ सकता है कि सातवें भारतीय क्रिकेटर के रूप में इसमें कौन शामिल हुआ।

जीके रिविजन के लिहाज़ से यह तथ्य क्रिकेट के तीन अंतरराष्ट्रीय प्रारूपों को रिकॉर्ड-आधारित समसामयिकी से जोड़ता है। बुमराह का उदाहरण यह भी दिखाता है कि एक भारतीय तेज गेंदबाज ने तीनों प्रारूपों में यह मुकाम हासिल किया। उन्हें सभी परिस्थितियों में यह उपलब्धि हासिल करने वाला पहला प्रमुख तेज गेंदबाज भी बताया गया है, इसलिए 50-50-50 क्लब की पूरी भारतीय सूची और तेज गेंदबाज वाली अलग पहचान को अलग-अलग याद रखना चाहिए।