साधारण एवं चक्रवृद्धि ब्याज
मुख्य तथ्य
- साधारण ब्याज का सूत्र SI = PRT/100 है, जहाँ P मूलधन, R वार्षिक प्रतिशत दर और T वर्ष में समय है।
- वार्षिक चक्रवृद्धि राशि का सूत्र A = P(1 + R/100)^T है, जब दर वार्षिक हो और चक्रवृद्धि साल में एक बार हो।
- ठीक 2 वर्ष के लिए चक्रवृद्धि ब्याज और साधारण ब्याज का अंतर P(R/100)^2 से मिलता है।
मुख्य बिंदु
- 1
साधारण ब्याज में ब्याज हर अवधि में मूलधन पर ही निकाला जाता है, इसलिए वृद्धि रैखिक रहती है।
- 2
चक्रवृद्धि ब्याज में प्रत्येक अवधि का ब्याज अगली अवधि के आधार में जुड़ जाता है, इसलिए पहली चक्रवृद्धि अवधि के बाद वृद्धि तेज होती है।
- 3
साधारण ब्याज का सूत्र SI = PRT/100 है, जहाँ P मूलधन, R वार्षिक प्रतिशत दर और T वर्ष में समय है।
- 4
वार्षिक चक्रवृद्धि राशि का सूत्र A = P(1 + R/100)^T है, जब दर वार्षिक हो और चक्रवृद्धि साल में एक बार हो।
- 5
ठीक 2 वर्ष के लिए चक्रवृद्धि ब्याज और साधारण ब्याज का अंतर P(R/100)^2 से मिलता है।
- 6
अर्धवार्षिक चक्रवृद्धि में वार्षिक दर आधी और अवधियाँ दोगुनी होती हैं; तिमाही चक्रवृद्धि में दर चौथाई और अवधियाँ चार गुनी होती हैं।
- 7
छूट के प्रश्नों में आधार अंकित मूल्य होता है, जबकि लाभ-हानि के प्रश्नों में आधार क्रय मूल्य होता है।
- 8
समान वार्षिक किस्तों के प्रश्न वर्तमान मूल्य बराबर करके या सभी भुगतानों को चक्रवृद्धि गुणकों से अंतिम तारीख पर लाकर हल किए जा सकते हैं।
आगे पढ़ें
ब्याज की मूल भाषा और आधार
ब्याज उस अतिरिक्त राशि को कहा जाता है जो उधार दिए गए धन, जमा राशि या निवेश पर समय के बदले मिलती या देनी पड़ती है। मूलधन वह आरंभिक राशि है जिस पर गणना शुरू होती है। दर सामान्यतः वार्षिक प्रतिशत में दी जाती है। समय वर्ष, महीना या दिन में दिया जा सकता है, लेकिन सूत्र में रखने से पहले उसे उसी इकाई में बदलना पड़ता है जिसकी दर दी गई है। यदि दर वार्षिक है और समय 6 महीने है, तो समय 1/2 वर्ष लिया जाएगा। यदि समय 9 महीने है, तो 3/4 वर्ष होगा। दिन दिए हों तो सामान्य परीक्षा-प्रश्नों में 365 दिन या 12 महीने का संकेत प्रश्न की भाषा से लिया जाता है; बिना संकेत के जल्दबाजी में इकाई बदलना गलत उत्तर दे सकता है।
साधारण और चक्रवृद्धि ब्याज का अंतर गणना से पहले आधार में छिपा होता है। साधारण ब्याज में आधार स्थिर रहता है, जबकि चक्रवृद्धि ब्याज में आधार हर अवधि के बाद बदलता है। इसी कारण ₹10,000 पर 10 प्रतिशत वार्षिक दर से 1 वर्ष में दोनों में ब्याज ₹1,000 ही होगा, पर 2 वर्ष में साधारण ब्याज ₹2,000 और चक्रवृद्धि ब्याज ₹2,100 हो जाएगा। यह अतिरिक्त ₹100 पहले वर्ष के ब्याज पर दूसरे वर्ष लगे ब्याज के कारण आता है।
परीक्षा में सबसे पहले तीन बातें लिखें: मूलधन कितना है, दर किस अवधि की है और समय किस इकाई में है। यही छोटी जाँच बड़े भ्रम को रोकती है।
पूरा नोट खोलें
यह सार्वजनिक पृष्ठ पहला उपलब्ध खंड दिखाता है। स्टडी पैक पूरा विषय और सभी पुनरावलोकन सामग्री खोलता है।
6 और खंड पूरे नोट में हैं
स्टडी पैक खोलें