RAS प्रश्न
भारत का पहला तेल कुआँ कहाँ खोदा गया:
सही उत्तर: (D) डिगबोई, असम (1889)।
भारत का पहला तेल कुआँ 1889 में असम के डिगबोई में खोदा गया था।
व्याख्या
भारत के पेट्रोलियम इतिहास में डिगबोई इसलिए निर्णायक है क्योंकि 1889 में देश में कच्चे तेल की पहली व्यावसायिक खोज वहीं हुई। Oil India Limited के स्रोत में डिगबोई, असम को इसी शुरुआती खोज का स्थान बताया गया है और डिगबोई तेल क्षेत्र के पहले कुएँ के खोदे जाने का उल्लेख भी आता है। इसी कारण भारत का पहला तेल कुआँ अंकलेश्वर, बाड़मेर या मुंबई हाई नहीं माना जाता। डिगबोई रिफाइनरी 1901 की है और भारत की सबसे पुरानी कार्यशील रिफाइनरी है। इसलिए सही तथ्य स्थान और वर्ष, दोनों के साथ याद रखना चाहिए: डिगबोई, असम, 1889।
बाक़ी विकल्प ग़लत क्यों हैं
- (A) अंकलेश्वर, गुजरात भारत के पहले तेल कुएँ का स्थल नहीं है; पहला कुआँ 1889 में डिगबोई, असम से जुड़ा है।
- (B) बाड़मेर, राजस्थान को विकल्प में 2009 से जोड़ा गया है, इसलिए वह 1889 के पहले तेल कुएँ का उत्तर नहीं हो सकता।
- (C) मुंबई हाई 1974 की खोज से संबंधित है, जबकि प्रश्न भारत के पहले तेल कुएँ के बारे में है जो डिगबोई में खोदा गया था।
अवधारणा
यह प्रश्न भारत के खनिज और ऊर्जा संसाधनों में पेट्रोलियम के ऐतिहासिक भूगोल को जाँचता है। RAS में ऐसे प्रश्न इसलिए आते हैं क्योंकि वे संसाधन, स्थान और औद्योगिक विकास को सीधे जोड़ते हैं।
