RAS प्रश्न
17 नवंबर 2025 को मुंबई में एशियन सीड कांग्रेस 2025 हुई। वहाँ केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि जीनोम एडिटिंग से विकसित धान की दो किस्में कम पानी लेंगी और कार्बन उत्सर्जन घटाएँगी। इनसे उत्पादकता में कितने प्रतिशत वृद्धि होगी?
सही उत्तर: (D) 19 से 40 प्रतिशत।
एशियन सीड कांग्रेस 2025 में केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि जीनोम एडिटिंग से विकसित धान की 2 किस्में कम पानी में उत्पादकता 19 से 40 प्रतिशत तक बढ़ाएँगी और कार्बन उत्सर्जन घटाएँगी।
व्याख्या
PIB की प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, मुंबई में एशियन सीड कांग्रेस 2025 के उद्घाटन अवसर पर शिवराज सिंह चौहान ने जलवायु-अनुकूल किस्मों की जरूरत पर जोर दिया। उन्होंने बताया कि भारत में 15 कृषि-जलवायु क्षेत्र हैं, इसलिए सूखा, गर्मी और कीटनाशकों जैसी स्थितियों को सह सकने वाली किस्में विकसित करनी होंगी। इसी संदर्भ में उन्होंने कहा कि जीनोम एडिटिंग की उन्नत तकनीक से धान की 2 किस्में विकसित की गई हैं। इनसे कम पानी के उपयोग के साथ उत्पादकता 19 से 40 प्रतिशत तक बढ़ेगी और कार्बन उत्सर्जन भी घटेगा। इसलिए सही प्रतिशत सीमा 19 से 40 प्रतिशत है।
बाक़ी विकल्प ग़लत क्यों हैं
- (A) 5 से 10 प्रतिशत वाली सीमा PIB विज्ञप्ति में बताई गई धान की जीनोम एडिटिंग किस्मों की उत्पादकता वृद्धि 19 से 40 प्रतिशत से काफी कम है।
- (B) 10 से 15 प्रतिशत भी स्रोत में दिए गए 19 से 40 प्रतिशत के दायरे में नहीं आता, इसलिए यह मंत्री के कथन से मेल नहीं खाता।
- (C) 45 से 60 प्रतिशत स्रोत में बताए गए 19 से 40 प्रतिशत से अधिक है; प्रेस विज्ञप्ति इतनी ऊंची वृद्धि नहीं बताती।
अवधारणा
यह प्रश्न कृषि अर्थव्यवस्था में बीज तकनीक, उत्पादकता और जलवायु-अनुकूल खेती की अवधारणा को जांचता है। RAS में ऐसे प्रश्न इसलिए आते हैं क्योंकि सरकारी कृषि नीतियों और नई किस्मों का सीधा संबंध उत्पादन लागत, जल उपयोग और टिकाऊ खेती से है।
