RAS प्रश्न
अभिकथन (ए): सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम भारत के सकल घरेलू उत्पाद, रोजगार और निर्यात में महत्वपूर्ण योगदान देते हैं। इसलिए वे भारत की विनिर्माण और सेवा अर्थव्यवस्था की रीढ़ माने जाते हैं। कारण (आर): 2014 में शुरू की गई मेक इन इंडिया पहल सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यमों को प्राथमिक लाभार्थी मानती है। इसके तहत केवल इनके उत्पादों पर विशेष कर छूट और गारंटीकृत सरकारी खरीद दी जाती है। नीचे दिए गए कूट से सही उत्तर चुनिए:
सही उत्तर: (C) A सत्य है, लेकिन R असत्य है।
सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम भारत के GDP, निर्यात और रोजगार में बड़ा योगदान देते हैं, लेकिन 2014 की मेक इन इंडिया पहल केवल इन्हीं के लिए विशेष कर छूट और गारंटीकृत सरकारी खरीद वाली योजना नहीं है।
व्याख्या
अभिकथन सही है, क्योंकि सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम भारतीय अर्थव्यवस्था में लगभग 30% GDP, 40% से अधिक निर्यात और 11 करोड़ से अधिक रोजगार से जुड़े माने गए हैं। MSME मंत्रालय की वार्षिक रिपोर्ट भी इस क्षेत्र को GDP, निर्यात, उद्यमिता और कम पूंजी पर रोजगार सृजन से जोड़ती है। कारण गलत है, क्योंकि मेक इन इंडिया सितंबर 2014 में शुरू हुई व्यापक विनिर्माण पहल है; PIB के अनुसार इसमें 25 क्षेत्र पहचाने गए थे और उद्देश्य देशी-विदेशी निवेशकों को भारत में निर्माण के लिए अनुकूल माहौल देना था। MSME के लिए सरकारी खरीद वरीयता अलग सार्वजनिक खरीद नीति, 2012 और MSMED अधिनियम के तहत आती है, मेक इन इंडिया की केवल-MSME सुविधा के रूप में नहीं।
बाक़ी विकल्प ग़लत क्यों हैं
- (A) A में R को भी सत्य मानकर उसे अभिकथन का सही स्पष्टीकरण कहा गया है, जबकि R मेक इन इंडिया को केवल MSME-केंद्रित कर छूट और खरीद गारंटी वाली योजना बताकर गलत दावा करता है।
- (B) B इसलिए गलत है क्योंकि इसमें A और R दोनों को सत्य माना गया है, जबकि R का केवल-MSME विशेष लाभ वाला कथन मूल रूप से असत्य है।
- (D) D अभिकथन को असत्य मानता है, जबकि MSME क्षेत्र GDP, निर्यात और रोजगार में महत्वपूर्ण योगदान के कारण अर्थव्यवस्था की रीढ़ माना जाता है; गलत हिस्सा कारण है।
अवधारणा
यह प्रश्न औद्योगिक भूगोल और आर्थिक विकास में MSME क्षेत्र की भूमिका तथा प्रमुख सरकारी पहलों की प्रकृति को जांचता है। RAS में ऐसे अभिकथन-कारण प्रश्न इसलिए आते हैं क्योंकि योजनाओं के नाम और उनके वास्तविक दायरे में अंतर समझना जरूरी होता है।
