तैयारी गाइड
RPSC PTI 2024 पेपर 1 और पेपर 2 हल सहित
RPSC PTI 2024 के पेपर 1 और पेपर 2 आयोग के संग्रह में अलग-अलग मॉडल उत्तर-कुंजियों के साथ उपलब्ध हैं। यह गाइड साफ करता है कि ये संस्कृत कॉलेज शिक्षा की किस भर्ती के पेपर हैं, चुने हुए उत्तर समझाता है और दोनों पेपर को आधिकारिक PTI सिलेबस से जोड़ता है।
ये पेपर RPSC PTI 2024 की किस भर्ती के हैं?
ये पेपर PTI और लाइब्रेरियन, संस्कृत कॉलेज शिक्षा 2024 भर्ती के हैं, RSSB की किसी स्कूल PTI भर्ती के नहीं। RPSC ने इस पद का नाम संस्कृत कॉलेज शिक्षा विभाग के तहत शारीरिक प्रशिक्षण अनुदेशक रखा है। भर्ती के नाम में 2024 है, लेकिन मॉडल उत्तर-कुंजियों में परीक्षा की तारीख 06-05-2025 दर्ज है; इसलिए खोज में आया साल भर्ती का साल है, पेपर की तारीख नहीं। यह फर्क पुराने सहायक आचार्य, लाइब्रेरियन और PTI, कॉलेज शिक्षा 2023 के पेपर मिलाने से भी बचाता है। जुलाई 2026 तक, पद की जानकारी के लिए [RPSC PTI पेज](/rpsc-pti) देखें और इस गाइड को संस्कृत कॉलेज शिक्षा के PTI विषय वाले पेपर तक सीमित रखें।
आधिकारिक पेपर 1, पेपर 2 और उत्तर-कुंजियां कहाँ हैं?
RPSC की फाइलें सीधे खोलें; हर विषय वाले पेपर की अपनी मॉडल उत्तर-कुंजी है। संग्रह में दोनों प्रश्नपत्र 09/05/2025 को जारी हुए और दोनों मॉडल उत्तर-कुंजियां 15/05/2025 को दर्ज हैं।
| पेपर | प्रश्नपत्र | मॉडल उत्तर-कुंजी |
|---|---|---|
| पेपर 1 | [RPSC फाइल](https://rpsc.rajasthan.gov.in/Static/PreviousQuestionPaper/18182CC4-309A-49B7-91E2-BFBD0B3DE7DB.pdf) | [RPSC फाइल](https://rpsc.rajasthan.gov.in/Static/AnswerKeys/DCA11AAE-B6DC-4A99-9FFC-DE79B8AE09BC.pdf) |
| पेपर 2 | [RPSC फाइल](https://rpsc.rajasthan.gov.in/Static/PreviousQuestionPaper/8A25BC81-18B2-47FD-8CD3-EFC44C362C31.pdf) | [RPSC फाइल](https://rpsc.rajasthan.gov.in/Static/AnswerKeys/E6DA5CBF-830C-477B-9C2E-A0FE14F6EB11.pdf) |
इस भर्ती में राजस्थान सामान्य अध्ययन का अलग पेपर भी है, लेकिन वह यहाँ शामिल PTI विषय के 2 पेपर में से नहीं है। दूसरी परीक्षाओं के लिए [पिछले वर्ष के प्रश्नपत्र पेज](/pyq) देखें।
पेपर 1 के चुने हुए सवाल कैसे हल होते हैं?
सवाल 5 पूछता है कि ओलंपिक झंडा पहली बार कब फहराया गया था। विकल्प 1, यानी 1920, सही है। अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति बताती है कि झंडा 1920 के एंटवर्प खेलों में पहली बार किसी ओलंपिक स्टेडियम के ऊपर फहराया गया था। यह सवाल पेपर 1 की इकाई 1 में आता है, जिसमें प्राचीन और आधुनिक ओलंपिक खेल शामिल हैं।
सवाल 13 पूछता है कि हॉकी में 2024 का द्रोणाचार्य पुरस्कार किसे मिला। विकल्प 2, श्री संदीप सांगवान, सही है। युवा कार्यक्रम और खेल मंत्रालय ने नियमित श्रेणी में हॉकी के सामने संदीप सांगवान का नाम दिया है। यह सवाल उसी इकाई के खेल समसामयिकी और पुरस्कार वाले हिस्से में आता है।
पेपर 1 की मॉडल उत्तर-कुंजी भी सवाल 5 के लिए उत्तर 1 और सवाल 13 के लिए उत्तर 2 देती है। ऐसे सवाल पहले संबंधित संस्था के रिकॉर्ड से हल करें, फिर मॉडल उत्तर-कुंजी से विकल्प नंबर मिलाएं।
पेपर 2 के चुने हुए सवाल कैसे हल होते हैं?
सवाल 2 पूछता है कि आइसोमेट्रिक संकुचन के समय मांसपेशी की लंबाई का क्या होता है। विकल्प 2, यानी मांसपेशी की लंबाई समान रहती है, सही है। नेशनल लाइब्रेरी ऑफ मेडिसिन बताती है कि आइसोमेट्रिक संकुचन में मांसपेशी का तनाव बदलता है, लंबाई नहीं। यह पेपर 2 की इकाई 2 से जुड़ता है, जिसमें मांसपेशियों की विशेषताएं, काम और व्यायाम से होने वाले बदलाव शामिल हैं।
सवाल 10 HTTP का पूरा नाम पूछता है। विकल्प 2, हाइपरटेक्स्ट ट्रांसफर प्रोटोकॉल, सही है। इंटरनेट मानक RFC 9110 की शुरुआत में HTTP का यही पूरा नाम दिया गया है। यह पेपर 2 की इकाई 1 से जुड़ता है, जिसमें शोध के साधन, इंटरनेट खोज इंजन और कंप्यूटर का उपयोग शामिल हैं।
पेपर 2 की मॉडल उत्तर-कुंजी सवाल 2 और सवाल 10, दोनों के लिए उत्तर 2 देती है। व्याख्या सही बात समझाती है और RPSC की मॉडल उत्तर-कुंजी इस पेपर का विकल्प नंबर तय करती है।
सवाल सटीक PTI सिलेबस से कैसे जुड़ते हैं?
हर हल किए गए सवाल को RPSC के सिलेबस में लिखी इकाई से जोड़ें, किसी बहुत चौड़े गैर-आधिकारिक नाम से नहीं।
| पेपर | आधिकारिक इकाई के सटीक हिस्से | यहाँ समझाए गए सवाल |
|---|---|---|
| पेपर 1, इकाई 1 | ओलंपिक; खेल समसामयिकी; सम्मान और पुरस्कार | सवाल 5 ओलंपिक झंडा; सवाल 13 द्रोणाचार्य पुरस्कार |
| पेपर 2, इकाई 1 | शोध के साधन; डेटाबेस; इंटरनेट खोज इंजन; कंप्यूटर का उपयोग | सवाल 10 HTTP |
| पेपर 2, इकाई 2 | व्यायाम शरीर-विज्ञान; मांसपेशियों की विशेषताएं और काम | सवाल 2 आइसोमेट्रिक संकुचन |
दोनों विषयों के सिलेबस में 150 सवाल, अधिकतम 75 मार्क्स, 3 घंटे, सभी सवालों के समान मार्क्स, नेगेटिव मार्किंग और अंग्रेजी-हिंदी माध्यम वाला वस्तुनिष्ठ पेपर तय है। परीक्षा का पूरा ढांचा समझने के लिए इस तालिका की तुलना [RPSC PTI पेपर गिनती गाइड](/guides/rpsc-pti-exam-pattern-paper-count) से करें। इन चुने हुए सवालों से किसी टॉपिक का वेटेज न निकालें।
क्या कोई उत्तर बदला गया या सवाल हटाया गया?
जुलाई 2026 तक, RPSC के इस भर्ती पेज पर PTI पेपर 1 और पेपर 2 की मॉडल उत्तर-कुंजियां दर्ज हैं; किसी भी विषय वाले पेपर की अलग अंतिम उत्तर-कुंजी दिखाई नहीं देती। दोनों मॉडल उत्तर-कुंजियों में बताया गया है कि तारे का निशान हटाए गए सवाल को दिखाता है, लेकिन किसी PTI उत्तर के सामने यह निशान नहीं है। इसलिए यह गाइड मॉडल उत्तर-कुंजी वाले चरण में कोई हटाया गया सवाल या उसके बाद किसी उत्तर में कोई प्रमाणित बदलाव दर्ज नहीं करता। यह केवल मौजूदा स्थिति है, यह दावा नहीं कि आपत्ति के बाद उत्तर कभी बदल ही नहीं सकता। RPSC बाद में अलग अंतिम उत्तर-कुंजी जोड़े, तो हल बदलने से पहले हर उत्तर को मॉडल उत्तर-कुंजी से मिलाएं। तब तक इन लिंकों और उत्तरों को मॉडल उत्तर-कुंजी पर आधारित ही लिखें।
आधिकारिक स्रोत
इस गाइड के लिए उपयोग किए गए स्रोत दस्तावेज़ देखें।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
क्या ये RPSC PTI 2024 के पेपर हैं या RSSB स्कूल PTI के?
ये PTI और लाइब्रेरियन, संस्कृत कॉलेज शिक्षा 2024 भर्ती के RPSC पेपर हैं। ये RSSB स्कूल PTI के पेपर नहीं हैं।
RPSC PTI 2024 की परीक्षा तारीख 2025 में क्यों है?
आधिकारिक नाम में 2024 भर्ती का साल है, जबकि दोनों PTI मॉडल उत्तर-कुंजियों में परीक्षा की तारीख 06-05-2025 है। भर्ती का साल और परीक्षा की तारीख अलग बातें बताते हैं।
RPSC PTI के हर विषय वाले पेपर में कितने सवाल हैं?
पेपर 1 और पेपर 2 के आधिकारिक सिलेबस में हर पेपर के लिए 150 वस्तुनिष्ठ सवाल, अधिकतम 75 मार्क्स और 3 घंटे तय हैं। सिलेबस समान मार्क्स और नेगेटिव मार्किंग भी तय करता है।
क्या 2024 की भर्ती में केवल पेपर 1 और पेपर 2 हैं?
नहीं। RPSC के संग्रह में इस भर्ती के लिए राजस्थान सामान्य अध्ययन का अलग पेपर भी दर्ज है। यह गाइड खोज में मांगे गए PTI विषय के केवल 2 पेपर समझाता है।
क्या इन मॉडल उत्तर-कुंजियों को अंतिम उत्तर-कुंजी मानना चाहिए?
नहीं। जुलाई 2026 तक, RPSC उपलब्ध PTI फाइलों को मॉडल उत्तर-कुंजी कहता है। भर्ती वाले पेज पर PTI विषय की अलग अंतिम उत्तर-कुंजी नहीं दिखती, इसलिए मॉडल उत्तर-कुंजी का नाम बनाए रखें।
