प्रकाशित: 11 जुलाई 2026समाचार स्रोतअंतरराष्ट्रीय
भारत की अध्यक्षता में नागपुर में तीसरी BRICS परिवहन मंत्री बैठक, मंत्रिस्तरीय घोषणापत्र सर्वसम्मति से स्वीकृत
भारत की BRICS अध्यक्षता 2026 के अंतर्गत तीसरी BRICS परिवहन मंत्री बैठक नागपुर, महाराष्ट्र में संपन्न हुई। यह बैठक BRICS देशों के बीच परिवहन सहयोग को गहरा करने की दिशा में एक बड़ा पड़ाव मानी जा रही है। मंत्री स्तर की यह बैठक 11 जुलाई 2026 को हुई, जिससे पहले 9-10 जुलाई 2026 को तीसरी BRICS परिवहन कार्य समूह (TWG) की वरिष्ठ अधिकारी बैठक हुई थी। इसी बैठक में वरिष्ठ अधिकारियों ने कार्यसूची के नतीजों और मंत्रिस्तरीय घोषणापत्र को अंतिम रूप दिया, ताकि मंत्री उसे स्वीकार कर सकें।
बैठक का समापन मंत्रिस्तरीय घोषणापत्र को सर्वसम्मति से स्वीकार किए जाने के साथ हुआ। इस घोषणापत्र में साझा विचार और सहयोग का ढाँचा रखा गया, जिसमें बुनियादी ढाँचे में चक्रीयता, Sustainable Aviation Fuel (SAF), परिवहन का कार्बन-मुक्तिकरण, Urban Mobility Hub, माल-ढुलाई आपूर्ति शृंखला सहयोग और BRICS Railway Research Network शामिल हैं। आम सहमति और सहभागी तरीके से काम करते हुए परिवहन मंत्रियों तथा प्रतिनिधिमंडलों के प्रमुखों ने ऐसा घोषणापत्र तैयार किया जो सभी प्राथमिक क्षेत्रों पर सामूहिक प्रतिबद्धता को समेटता है। चर्चाओं में BRICS की आपसी सम्मान, बराबरी और सहमति की भावना दिखी।
केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री श्री नितिन गडकरी ने बैठक के सफल नतीजे तक पहुँचाने में सहयोग के लिए प्रतिनिधिमंडल के हर सदस्य का आभार जताया। भारत ने सभी BRICS देशों की रचनात्मक भागीदारी और बहुमूल्य योगदान की सराहना की, जिनके सामूहिक प्रयासों से बैठक सफलतापूर्वक संपन्न हो सकी। भारत ने यह भरोसा भी दोहराया कि इन पहलों को अगली BRICS अध्यक्षता को सहजता से सौंपा जाएगा।
बैठक में BRICS देशों के परिवहन मंत्री, वरिष्ठ अधिकारी और तकनीकी विशेषज्ञ शामिल हुए। चार दिन के इस कार्यक्रम में वरिष्ठ अधिकारी बैठक, परिवहन मंत्री बैठक और द्विपक्षीय वार्ताएँ रहीं। साथ ही सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने BRICS देशों की समृद्ध विविधता को सामने रखा, जिससे आपसी समझ गहरी हुई और प्रतिनिधिमंडलों के बीच संस्थागत रिश्ते मज़बूत हुए।
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जुलाई 2026 में हुई तीसरी BRICS परिवहन मंत्री बैठक के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. मंत्री स्तर की यह बैठक भारत की BRICS अध्यक्षता 2026 के तहत 11 जुलाई 2026 को नागपुर, महाराष्ट्र में हुई।
2. वरिष्ठ अधिकारी बैठक में घोषणापत्र के मसौदे पर सहमति न बन पाने के बाद मंत्रिस्तरीय घोषणापत्र बहुमत से स्वीकार किया गया।
ऊपर दिए गए कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
व्याख्या · सही उत्तर Aकथन 1 सही है: तीसरी BRICS परिवहन मंत्री बैठक नागपुर, महाराष्ट्र में संपन्न हुई और मंत्री स्तर की बैठक भारत की BRICS अध्यक्षता 2026 के तहत 11 जुलाई 2026 को हुई।
कथन 2 दो वजहों से गलत है। मंत्रिस्तरीय घोषणापत्र बहुमत से नहीं, बल्कि सर्वसम्मति से स्वीकार किया गया। साथ ही वरिष्ठ अधिकारी बैठक विफल नहीं हुई थी: 9-10 जुलाई 2026 को हुई तीसरी BRICS परिवहन कार्य समूह (TWG) की वरिष्ठ अधिकारी बैठक में ही कार्यसूची के नतीजों और मंत्रिस्तरीय घोषणापत्र को मंत्रियों की स्वीकृति के लिए अंतिम रूप दिया गया था। चर्चाओं में BRICS की आपसी सम्मान, बराबरी और सहमति की भावना दिखी।
इसलिए केवल कथन 1 सही है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
तीसरी BRICS परिवहन मंत्री बैठक कहाँ और कब हुई?
यह बैठक नागपुर, महाराष्ट्र में हुई। भारत की BRICS अध्यक्षता 2026 के तहत मंत्री स्तर की बैठक 11 जुलाई 2026 को हुई और इससे पहले 9-10 जुलाई 2026 को तीसरी BRICS परिवहन कार्य समूह की वरिष्ठ अधिकारी बैठक हुई थी।
बैठक का मुख्य नतीजा क्या रहा?
बैठक का समापन मंत्रिस्तरीय घोषणापत्र को सर्वसम्मति से स्वीकार किए जाने के साथ हुआ। यह घोषणापत्र परिवहन सहयोग के सभी प्राथमिक क्षेत्रों पर BRICS देशों की सामूहिक प्रतिबद्धता को समेटता है।
मंत्रिस्तरीय घोषणापत्र में सहयोग के कौन-से क्षेत्र शामिल हैं?
इसमें बुनियादी ढाँचे में चक्रीयता, Sustainable Aviation Fuel (SAF), परिवहन का कार्बन-मुक्तिकरण, Urban Mobility Hub, माल-ढुलाई आपूर्ति शृंखला सहयोग और BRICS Railway Research Network पर सहयोग का साझा ढाँचा तय किया गया है।
परिवहन कार्य समूह की वरिष्ठ अधिकारी बैठक की क्या भूमिका रही?
9-10 जुलाई 2026 को हुई यह बैठक मंत्री स्तर की बैठक से पहले हुई। इसमें वरिष्ठ अधिकारियों ने कार्यसूची के नतीजों और मंत्रिस्तरीय घोषणापत्र को अंतिम रूप दिया, ताकि मंत्री उसे स्वीकार कर सकें।
इन पहलों की निरंतरता को लेकर भारत ने क्या प्रतिबद्धता जताई?
भारत ने भरोसा दिलाया कि इन पहलों को अगली BRICS अध्यक्षता को सहजता से सौंपा जाएगा, ताकि भारत की अध्यक्षता में शुरू हुआ काम आगे भी चलता रहे।