राजस्थान के नगरीय निकाय चुनावों में नामांकन पत्रों की संवीक्षा के बाद जयपुर जिले की चुनावी तस्वीर साफ़ हो गई है। जिले के 19 नगरीय निकायों के 690 वार्डों में पार्षद पद के लिए दाखिल नामांकन पत्रों की जाँच पूरी हो चुकी है। कुल 4,868 नामांकन पत्रों में से 1,380 निरस्त किए गए और 3,488 वैध पाए गए। इनके आधार पर 3,366 अभ्यर्थी वैध रूप से नामांकित हुए हैं।

जिला निर्वाचन अधिकारी (नगरपालिका) संदेश नायक ने बताया कि संवीक्षा के बाद मुकाबले की तस्वीर सामने आने लगी है, पर अंतिम रूप से कितने उम्मीदवार मैदान में रहेंगे, यह 3 सितंबर को नाम वापसी पूरी होने के बाद स्पष्ट होगा। वैध रूप से नामांकित उम्मीदवार 3 सितंबर 2026 को दोपहर 3 बजे तक अपनी अभ्यर्थिता वापस ले सकेंगे। 4 सितंबर को चुनाव चिह्न आवंटित होंगे; इसके बाद ही 690 वार्डों में वास्तविक मुकाबले की ताकत साफ़ होगी।

जयपुर नगर निगम जिले के आँकड़ों में बड़ा हिस्सा रखता है। इसके 150 वार्डों के लिए 1,378 नामांकन पत्र दाखिल हुए; 338 निरस्त और 1,040 वैध पाए गए, जिससे 1,007 उम्मीदवार वैध रूप से नामांकित हुए। चौमूं नगर परिषद में 234 नामांकन में से 89 निरस्त और 145 वैध रहे तथा 141 उम्मीदवार मैदान में हैं। शाहपुरा नगर परिषद में 533 नामांकन में से 194 निरस्त और 339 वैध रहे; 326 उम्मीदवार वैध हैं। बगरू नगर पालिका में 210 नामांकन में से 61 निरस्त और 149 वैध रहे तथा 137 उम्मीदवार मैदान में हैं। बस्सी में 211 नामांकन में से 32 निरस्त और 179 वैध रहे; 178 उम्मीदवार वैध हैं।

चाकसू में 365 नामांकन में से 129 निरस्त और 236 वैध रहे तथा 213 उम्मीदवार मैदान में हैं। दूदू में 171 नामांकन में से 48 निरस्त और 123 वैध रहे; 121 उम्मीदवार वैध हैं। जमवारामगढ़ में 162 नामांकन में से 50 निरस्त और 112 वैध रहे; 112 उम्मीदवार मैदान में हैं। जोबनेर में 109 नामांकन में से 12 निरस्त और 97 वैध रहे; 94 उम्मीदवार वैध हैं। कालाडेरा, कानोता, खेजरोली, किशनगढ़-रेनवाल, मनोहरपुर, नारायणा, फागी, फुलेरा, सांभर और वाटिका में भी संवीक्षा के आँकड़े सामने आए।

अब राजनीतिक दलों की निगाह नाम वापसी पर है। टिकट न मिलने पर निर्दलीय नामांकन दाखिल करने वाले दावेदारों को मनाने के लिए भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस दोनों स्तर पर कोशिशें चल रही हैं। अगले दो दिनों में कई नाम वापसी से कई वार्डों का चुनावी गणित बदल सकता है।