सरकार ने 14 अगस्त 2026 को टीवी चैनलों के लिए विज्ञापन की 12 मिनट की समय-सीमा हटाने का निर्णय घोषित किया। यह सीमा 2006 में केबल टेलीविजन नेटवर्क नियम, 1994 के तहत लागू की गई थी। तब से टीवी प्रसारण की तस्वीर काफी बदल चुकी है। 2006 में केवल 62 टीवी चैनल थे, जबकि अब इनकी संख्या 900 से अधिक है। उस समय प्रसारण मुख्यतः सीमित क्षमता वाली एनालॉग केबल टीवी प्रणाली पर निर्भर था, इसलिए दर्शकों के पास बहुत कम विकल्प थे। केबल टीवी क्षेत्र के पूर्ण डिजिटलीकरण के बाद डीटीएच, केबल टीवी, हिट्स और आईपीटीवी समेत सभी टीवी वितरण प्लेटफ़ॉर्म डिजिटल हो चुके हैं। इन पर अब 300 से 500 या उससे अधिक चैनल प्रसारित होते हैं, जिससे अलग-अलग ज़रूरतों के अनुसार दर्शकों को ज़्यादा विकल्प मिलते हैं। सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय के अनुसार अब टीवी उद्योग के भीतर और टीवी तथा डिजिटल मीडिया के बीच पर्याप्त बाज़ार प्रतिस्पर्धा है। मंत्रालय ने यह भी बताया कि भारत का टीवी प्रसारण क्षेत्र विज्ञापन पर बहुत अधिक निर्भर है, चाहे चैनल सशुल्क हो या निःशुल्क। डिजिटल मीडिया पर विज्ञापन की अवधि से जुड़ी ऐसी कोई सीमा नहीं है, इसलिए पारंपरिक टीवी चैनलों को समान अवसर नहीं मिल रहा था। सरकार के अनुसार सीमा हटाने से निष्पक्ष प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी और कारोबार करना आसान होगा। यह निर्णय केबल टेलीविजन नेटवर्क नियम, 1994 में संशोधन की राजपत्र अधिसूचना जारी होने की तारीख से प्रभावी होगा। यानी निर्णय की घोषणा और उसके लागू होने की तारीख अलग-अलग हैं; लागू होने की तारीख संबंधित अधिसूचना तय करेगी।
सरकार ने टीवी चैनलों के लिए विज्ञापन की 12 मिनट की सीमा हटाई
सरकार ने डिजिटलीकरण, दर्शकों के बढ़े विकल्प, विज्ञापन पर निर्भरता और डिजिटल मीडिया से प्रतिस्पर्धा को देखते हुए टीवी चैनलों के लिए विज्ञापन की 12 मिनट की सीमा हटाने का निर्णय लिया है। यह बदलाव केबल टेलीविजन नेटवर्क नियम, 1994 में संशोधन की राजपत्र अधिसूचना जारी होने की तारीख से लागू होगा।
मुख्य तथ्य
- सरकार ने टीवी चैनलों के लिए विज्ञापन की 12 मिनट की समय-सीमा हटाने का निर्णय लिया है।
- यह सीमा 2006 में केबल टेलीविजन नेटवर्क नियम, 1994 के तहत लागू की गई थी।
- टीवी चैनलों की संख्या 2006 के 62 से बढ़कर अब 900 से अधिक हो गई है।
- डीटीएच, केबल टीवी, हिट्स और आईपीटीवी डिजिटल हैं तथा 300 से 500 या उससे अधिक चैनल प्रसारित करते हैं।
- निर्णय 1994 के नियमों में संशोधन की राजपत्र अधिसूचना जारी होने की तारीख से लागू होगा।
6-अक्ष वर्गीकरण
अभ्यास प्रश्न MCQ
हल करेंनीचे विकल्प चुनें। सही या गलत संकेत तुरंत दिखेगा।
कौन-सा विकल्प संबंधित नियमों के नाम में दिए वर्ष और टीवी विज्ञापन की समय-सीमा लागू किए जाने के वर्ष का सही मिलान करता है?
विज्ञापन की समय-सीमा 2006 में केबल टेलीविजन नेटवर्क नियम, 1994 के तहत लागू की गई थी। इसलिए विकल्प C में दोनों वर्षों का सही मिलान है।
स्रोत: PIB
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
सरकार ने विज्ञापन से जुड़ी कौन-सी पाबंदी हटाने का निर्णय लिया है?
सरकार ने टीवी चैनलों के लिए विज्ञापन की 12 मिनट की समय-सीमा हटाने का निर्णय लिया है।
यह सीमा कब और किन नियमों के तहत लागू की गई थी?
यह सीमा 2006 में केबल टेलीविजन नेटवर्क नियम, 1994 के तहत लागू की गई थी।
सरकार ने इस सीमा पर दोबारा विचार क्यों किया?
इसके कारणों में पूर्ण डिजिटलीकरण, 900 से अधिक चैनल, दर्शकों के बढ़े विकल्प, पर्याप्त बाज़ार प्रतिस्पर्धा, विज्ञापन पर टीवी की निर्भरता और डिजिटल मीडिया पर ऐसी सीमा न होना शामिल हैं।
यह निर्णय कब से प्रभावी होगा?
यह केबल टेलीविजन नेटवर्क नियम, 1994 में संशोधन की राजपत्र अधिसूचना जारी होने की तारीख से प्रभावी होगा।
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