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अपना जिला जानें

सवाई माधोपुर

रणथम्भौर, चंबल-बनास भूभाग और पूर्वी राजस्थान की राजनीति वाला जिला

अंतिम सत्यापन: 2026-05-06

सवाई माधोपुर पूर्वी राजस्थान का जिला है और सवाई माधोपुर शहर इसका जिला मुख्यालय है। परीक्षा की दृष्टि से इसकी पहचान रणथम्भौर दुर्ग, रणथम्भौर बाघ अभयारण्य और 2011 की जनगणना के प्रमुख जनांकिकीय संकेतकों से बनती है। कृषि, अमरूद उत्पादन, पर्यटन से जुड़ी गतिविधियां और टोंक-सवाई माधोपुर संसदीय क्षेत्र भी इस जिले को समसामयिक अध्ययन में महत्वपूर्ण बनाते हैं।

जिला एक नज़र में

क्षेत्रफल4,498 वर्ग किलोमीटर
जनसंख्या2011 की जनगणना में 13,35,551 व्यक्ति
जिला मुख्यालयसवाई माधोपुर शहर
घनत्व रैंक2011 की जनगणना में राजस्थान में जनसंख्या घनत्व के आधार पर 12वां स्थान
साक्षरता दर2011 की जनगणना में 65.4 प्रतिशत
लिंगानुपात2011 की जनगणना में प्रति 1,000 पुरुषों पर 897 महिलाएं

जिला प्रशासन

वर्तमान पदाधिकारी — सार्वजनिक अभिलेखों से।

जिला मजिस्ट्रेट / कलक्टर

काना राम

सवाई माधोपुर जिला

पुलिस अधीक्षक

ज्येष्ठा मैत्रेयी

सवाई माधोपुर जिला

अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट / अतिरिक्त कलक्टर

संजय शर्मा

सवाई माधोपुर जिला

प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश

देवेंद्र दीक्षित

सवाई माधोपुर न्यायक्षेत्र

लोकसभा सांसद

हरीश चंद्र मीणा

टोंक-सवाई माधोपुर लोकसभा क्षेत्र

भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस2024 से

विधानसभा सदस्य

किरोड़ी लाल

सवाई माधोपुर विधानसभा क्षेत्र

भारतीय जनता पार्टी2023 से

विधानसभा सदस्य

इंद्रा

बामनवास विधानसभा क्षेत्र

भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस2023 से

विधानसभा सदस्य

जितेंद्र कुमार गोठवाल

खंडार विधानसभा क्षेत्र

भारतीय जनता पार्टी2023 से

इतिहास — प्राचीन → मध्यकालीन → आधुनिक

नगर नामकरण

सवाई माधोपुर नगर का नाम जयपुर के महाराजा सवाई माधो सिंह प्रथम से जुड़ा है।

नगर स्थापना

महाराजा सवाई माधो सिंह प्रथम ने 1751 से 1768 ईस्वी के बीच सवाई माधोपुर नगर बसाया।

पूर्व जिला क्षेत्र

आधुनिक जिला बनने से पहले इस क्षेत्र में पूर्व करौली रियासत के हिस्से और पूर्व जयपुर राज्य की सवाई माधोपुर, गंगापुर व हिंडौन निजामतें शामिल थीं।

मत्स्य संघ प्रवेश

पूर्व करौली राज्य 17 मार्च 1948 को मत्स्य संघ में शामिल हुआ।

वृहत्तर राजस्थान विलय

मत्स्य संघ बाद में पूर्व जयपुर राज्य के साथ मिलकर 15 मई 1949 को संयुक्त वृहत्तर राजस्थान राज्य में शामिल हुआ।

प्रारंभिक उपखंड

जिला गठन के समय सवाई माधोपुर जिले में सवाई माधोपुर, गंगापुर सिटी, हिंडौन और करौली चार उपखंड थे।

करौली जिला विभाजन

19 जुलाई 1997 को सवाई माधोपुर जिले का विभाजन कर सवाई माधोपुर और करौली जिले बनाए गए।

चौहान रणथंभौर

रणथंभौर किला चौहान शासकों से जुड़ा है और राजस्थान पर्यटन इसे दसवीं सदी का चौहान किला बताता है।

हम्मीर-खिलजी युद्ध

रणथंभौर किला 1301 में राव हम्मीर और अलाउद्दीन खिलजी के युद्ध से भी जुड़ा है।

शासक संरक्षक

राजस्थान पर्यटन सवाई माधोपुर के इतिहास को चौहान राजपूत शासक गोविंद और वाग्भट्ट से लेकर राणा कुंभा, अकबर और औरंगजेब तक अनेक शासकों व संरक्षकों से जोड़कर प्रस्तुत करता है।

बाघ रिजर्व चयन

1973 में प्रोजेक्ट टाइगर शुरू होने के बाद चुने गए शुरुआती नौ वन्यजीव क्षेत्रों में रणथंभौर भी शामिल था।

राष्ट्रीय उद्यान अधिसूचना

रणथंभौर टाइगर रिजर्व का मुख्य क्षेत्र 1980 में रणथंभौर राष्ट्रीय उद्यान के रूप में अधिसूचित किया गया।

पुनर्गठन गजट

भारतीय रिजर्व बैंक ने दर्ज किया कि राजस्थान सरकार ने 29 दिसंबर 2024 की गजट अधिसूचनाओं से जिला पुनर्गठन अधिसूचित किया।

गंगापुर पुनर्गठन

भारतीय रिजर्व बैंक की सूची में 2024 के राजस्थान जिला पुनर्गठन से प्रभावित नौ पूर्व जिलों में गंगापुर सिटी भी शामिल था।

कला, संस्कृति, विरासत एवं पर्यटन

रणथंभौर प्रवेशद्वार

राजस्थान पर्यटन सवाई माधोपुर को रणथंभौर का प्रवेशद्वार कहकर प्रस्तुत करता है।

शिल्पग्राम कला

सवाई माधोपुर का शिल्पग्राम कला और शिल्प के जरिए राजस्थानी संस्कृति और विरासत को सामने लाने वाला केंद्र माना जाता है।

त्रिनेत्र गणेश मंदिर

त्रिनेत्र गणेशजी मंदिर रणथंभौर किले में, जिला मुख्यालय से करीब १५ किलोमीटर दूर स्थित है।

भाद्रपद गणेश मेला

त्रिनेत्र गणेशजी मंदिर में हर साल भाद्रपद मास की चतुर्थी पर मेला भरता है।

मंदिर श्रद्धालु आगमन

राजस्थान पर्यटन के अनुसार त्रिनेत्र गणेशजी मंदिर में करीब २० लाख देशी-विदेशी पर्यटक और श्रद्धालु आते हैं।

चौथ माता मंदिर

चौथ का बरवाड़ा का चौथ माता मंदिर जिला मुख्यालय से २५ किलोमीटर दूर एक प्राचीन मंदिर के रूप में जाना जाता है।

चौथ माता मेला

राजस्थान पर्यटन के अनुसार चौथ माता मंदिर का मेला हर साल लाखों श्रद्धालुओं को आकर्षित करता है।

गणेश मेले की प्रसिद्धि

जिला जनगणना पुस्तिका में गणेश मेले को सवाई माधोपुर का सबसे बड़ा और सबसे प्रसिद्ध मेला बताया गया है।

पहाड़ी चौथ माता

जिला जनगणना पुस्तिका में चौथ का बरवाड़ा तहसील के पहाड़ी शिखर पर स्थित चौथ माता मंदिर का उल्लेख मिलता है।

बिजासन देवी मेला

जिला जनगणना पुस्तिका में खंडार तहसील के क्यारदा कलां गांव में चैत्र के दौरान लगने वाले बिजासन देवी मेले का उल्लेख है।

किले के धरोहर स्थल

रणथंभौर किले में तोरण द्वार, महादेव छतरी और सामेतों की हवेली जैसे दर्शनीय स्थल शामिल हैं।

साझा धार्मिक परिसर

राजस्थान पर्यटन के अनुसार रणथंभौर किले के परिसर में मस्जिद और मंदिर दोनों मौजूद हैं।

भूगोल, जलवायु एवं पारिस्थितिकी

पूर्वी स्थिति

सवाई माधोपुर राजस्थान के पूर्वी क्षेत्र में स्थित है।

मिश्रित भू-भाग

जिले का भू-भाग कहीं समतल है और कहीं लहरदार पहाड़ियों वाला है।

पहाड़ी उपखंड

सवाई माधोपुर उपखंड को मोटे तौर पर पहाड़ी प्रकृति का क्षेत्र बताया गया है।

चंबल घाटी

सवाई माधोपुर के दक्षिण और दक्षिण-पूर्वी हिस्से में चंबल नदी की संकरी घाटी के आसपास पहाड़ियां और कटा-फटा भू-भाग मिलता है।

नदी तंत्र

जिले की प्रमुख नदियों में बनास, मोरल, गंभीर, चंबल और बाणगंगा गिनी जाती हैं।

बनास नदी

जिले की नदियों में बनास सबसे बड़ी नदी मानी जाती है।

शुष्क जलवायु

बरसात के छोटे मौसम को छोड़कर सवाई माधोपुर की जलवायु सामान्यतः शुष्क रहती है।

वार्षिक वर्षा

औद्योगिक संभाव्यता सर्वेक्षण में सवाई माधोपुर जिले की सामान्य वार्षिक वर्षा 707.8 मिमी दर्ज है।

अभयारण्य विस्तार

रणथंभौर बाघ अभयारण्य सवाई माधोपुर, करौली, बूंदी और टोंक जिलों में फैला है।

पूर्वी चंबल

रणथंभौर बाघ अभयारण्य के पूर्वी हिस्से में चंबल नदी स्थित है।

बनास विभाजन

बनास नदी रणथंभौर बाघ अभयारण्य को दो भागों में बांटती है।

ऊबड़-खाबड़ भूभाग

रणथंभौर बाघ अभयारण्य ऊबड़-खाबड़, लहरदार चट्टानी भूभाग, संकरी घाटियों और हरी वनस्पति से पहचाना जाता है।

सीमा भ्रंश

राजपूताना का ग्रेट बाउंड्री फॉल्ट रणथंभौर बाघ अभयारण्य से होकर गुजरता है।

उद्यान क्षेत्रफल

राजस्थान वन विभाग की सूची में रणथंभौर राष्ट्रीय उद्यान सवाई माधोपुर में 282.03 वर्ग किमी क्षेत्रफल के साथ दर्ज है।

अभयारण्य क्षेत्रफल

राजस्थान वन विभाग सवाई माधोपुर अभयारण्य को जिले में 131.30 वर्ग किमी क्षेत्रफल के साथ सूचीबद्ध करता है।

सवाई मानसिंह अभयारण्य

राजस्थान वन विभाग की सूची में सवाई मानसिंह अभयारण्य सवाई माधोपुर में 113.07 वर्ग किमी क्षेत्रफल के साथ दर्ज है।

अर्थव्यवस्था — क्षेत्र, उद्योग, ऊर्जा

कृषि आधार

जिला जनगणना पुस्तिका के अनुसार सवाई माधोपुर जिले की अर्थव्यवस्था मुख्य रूप से कृषि पर निर्भर है।

फसल मिश्रण

औद्योगिक संभाव्यता सर्वेक्षण के अनुसार जिले की प्रमुख फसलों में गेहूं, बाजरा, खाद्यान्न, सरसों और मूंगफली शामिल हैं।

सरसों फसल

सवाई माधोपुर जिले में सरसों को प्रमुख और विशिष्ट फसल के रूप में उल्लेखित किया गया है।

गेहूं उत्पादन

2015-16 में सवाई माधोपुर जिले में गेहूं का रकबा 69,312 हेक्टेयर था और उत्पादन 2,34,401 मीट्रिक टन दर्ज हुआ।

सरसों उत्पादन

2015-16 में जिले में सरसों 1,68,057 हेक्टेयर में बोई गई और उसका उत्पादन 1,72,068 मीट्रिक टन रहा।

अमरूद उत्पादन

2015-16 में सवाई माधोपुर जिले में 5,400 हेक्टेयर क्षेत्र अमरूद के अधीन था, जिससे 91,800 मीट्रिक टन उत्पादन हुआ।

अमरूद पहचान

औद्योगिक संभाव्यता सर्वेक्षण में अमरूद को सवाई माधोपुर जिले का लोकप्रिय फल बताया गया है।

पर्यटन अर्थव्यवस्था

सवाई माधोपुर को गणपति मंदिर और राष्ट्रीय उद्यान आधारित पर्यटन के लिए खास पहचान वाला क्षेत्र माना जाता है।

रणथंभौर पर्यटक

औद्योगिक संभाव्यता सर्वेक्षण के अनुसार रणथंभौर और टाइगर प्रोजेक्ट देखने के लिए देशभर और विदेशों से बड़ी संख्या में पर्यटक आते हैं।

खनिज संसाधन

औद्योगिक संभाव्यता सर्वेक्षण में जिले के खनिज संसाधनों में चूना पत्थर, चिकनी मिट्टी, सिलिका बालू और टैल्क का उल्लेख है।

सीमेंट उद्योग

औद्योगिक संभाव्यता सर्वेक्षण के समय सवाई माधोपुर की मैसर्स जयपुर उद्योग लिमिटेड बंद थी, जबकि उसे कभी देश की सबसे बड़ी सीमेंट फैक्ट्री बताया गया था।

राजनीतिक एवं प्रशासनिक संरचना

लोकसभा सांसद

हरीश चंद्र मीणा 18वीं लोकसभा में टोंक-सवाई माधोपुर से निर्वाचित लोकसभा सदस्य हैं।

दल और कार्यकाल

हरीश चंद्र मीणा भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस से जुड़े हैं और उनका कार्यकाल 9 जून 2024 से शुरू हुआ।

गंगापुर परिणाम

2023 के राजस्थान विधानसभा चुनाव में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के रामकेश ने गंगापुर सीट 83,457 मतों से जीती।

बामनवास परिणाम

2023 के राजस्थान विधानसभा चुनाव में अनुसूचित जनजाति आरक्षित बामनवास सीट पर भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की इंदिरा 80,378 मतों के साथ विजयी रहीं।

सवाई माधोपुर परिणाम

2023 के राजस्थान विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी के किरोड़ी लाल ने सवाई माधोपुर सीट 81,087 मतों से जीती।

खंडार परिणाम

2023 के राजस्थान विधानसभा चुनाव में अनुसूचित जाति आरक्षित खंडार सीट से भारतीय जनता पार्टी के जितेंद्र कुमार गोठवाल 92,059 मतों के साथ विजयी रहे।

अग्रणी बैंक कोड

भारतीय रिजर्व बैंक की सूची में सवाई माधोपुर वर्तमान जिला है; इसका अग्रणी बैंक बैंक ऑफ बड़ौदा और जिला कार्य कोड 506 है।

जिला वैल्यू कोड

राजस्थान के जिला ड्रॉपडाउन एपीआई में सवाई माधोपुर वर्तमान जिले के रूप में दर्ज है और उसका वैल्यू कोड 25 है।

शासन पहल एवं योजनाएँ (2025-26)

जन औषधि केंद्र

पीआईबी की 20 मार्च 2026 की सूचना के अनुसार सवाई माधोपुर जिले में प्रधानमंत्री जन औषधि के 13 जन औषधि केंद्र कार्यरत थे।

2023-24 औषधि बिक्री

सवाई माधोपुर में जन औषधि केंद्रों के जरिए 2023-24 में एमआरपी पर 47 लाख रुपये की बिक्री दर्ज हुई।

2024-25 औषधि बिक्री

सवाई माधोपुर में जन औषधि केंद्रों के जरिए 2024-25 में एमआरपी पर 66 लाख रुपये की बिक्री दर्ज हुई।

अल्पसंख्यक कस्बा

अल्पसंख्यक क्षेत्र विकास कार्यक्रम की सूची में सवाई माधोपुर का गंगापुर सिटी अल्पसंख्यक बहुल कस्बे के रूप में शामिल है।

अल्पसंख्यक विकास

अल्पसंख्यक विकास कार्यक्रम का लक्ष्य चिह्नित अल्पसंख्यक बहुल क्षेत्रों में सामाजिक-आर्थिक हालात और बुनियादी सुविधाओं को बेहतर करना है।

जननी सुरक्षा आवंटन

सवाई माधोपुर की राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन कार्ययोजना 2024-26 में जननी सुरक्षा योजना के लिए 2024-25 और 2025-26 में 300.17 लाख रुपये स्वीकृत किए गए।

सुरक्षित मातृत्व आवंटन

सवाई माधोपुर की राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन कार्ययोजना 2024-26 में प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान के लिए 2024-25 और 2025-26 में 8.357 लाख रुपये स्वीकृत किए गए।

टीकाकरण फंड

सवाई माधोपुर की राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन कार्ययोजना 2024-26 में मिशन इंद्रधनुष सहित टीकाकरण के लिए 2024-25 में 64.621 लाख रुपये और 2025-26 में 65.612 लाख रुपये स्वीकृत हुए।

PYQ एक-पंक्ति (RAS / RPSC / RSSB)

किसी भी परीक्षा उपयोग से पहले सटीक विकल्पों की जाँच आधिकारिक RPSC / RSSB प्रश्न पत्रों से करें।

सवाई माधोपुर के PYQ एक-पंक्ति तथ्य शीघ्र उपलब्ध होंगे।

स्वयं को परखें — 10 प्रश्न

ऊपर के जिला संदर्भ से त्वरित स्व-परीक्षण। द्विभाषी, लॉगिन की आवश्यकता नहीं।

प्रश्न 1 / 10

सवाई माधोपुर नगर का नाम जयपुर के किस शासक पर पड़ा?

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

सवाई माधोपुर को रणथंभौर का प्रवेश द्वार क्यों कहा जाता है?

राजस्थान पर्यटन जिले को यह पहचान देता है क्योंकि रणथंभौर राष्ट्रीय उद्यान और रणथंभौर दुर्ग यहां के मुख्य आकर्षण हैं।

सवाई माधोपुर की प्रमुख नदियां कौन-सी हैं?

जिला जनगणना पुस्तिका में बनास, मोरेल, गंभीर, चंबल और बाणगंगा को प्रमुख नदियों में गिना गया है।

सवाई माधोपुर का प्रमुख संरक्षित क्षेत्र कौन-सा है?

रणथंभौर राष्ट्रीय उद्यान सवाई माधोपुर में स्थित प्रमुख संरक्षित क्षेत्र है, जिसका क्षेत्रफल 282.03 वर्ग किलोमीटर दर्ज है।

सवाई माधोपुर किस फल-फसल पहचान के लिए जाना जाता है?

औद्योगिक संभाव्यता सर्वेक्षण अमरूद को जिले का लोकप्रिय फल बताता है और 2015-16 में अमरूद के तहत 5,400 हेक्टेयर क्षेत्र दर्ज करता है।

टोंक-सवाई माधोपुर के वर्तमान सांसद कौन हैं?

18वीं लोकसभा में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के हरीश चंद्र मीणा टोंक-सवाई माधोपुर का प्रतिनिधित्व करते हैं।

2024 के राजस्थान जिला पुनर्गठन के बाद प्रशासनिक रूप से क्या बदला?

भारतीय रिजर्व बैंक ने गंगापुर सिटी को प्रभावित पूर्ववर्ती जिला दर्ज किया, जबकि सवाई माधोपुर में अग्रणी बैंक बैंक ऑफ बड़ौदा और जिला कार्य कोड 506 रहा।