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दैनिक समसामयिकी
Ministry of Health and Family Welfare 6 मई 2026 governance

स्वास्थ्य मंत्रालय ने 6 मई 2026 को स्वस्थ भारत पोर्टल का अनावरण किया; राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रम प्रणालियों को जोड़ने और दोहराव वाली डेटा प्रविष्टि घटाने वाला एकीकृत मंच

स्वास्थ्य मंत्रालय ने 6 मई 2026 को कहा कि स्वस्थ भारत पोर्टल राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रम प्रणालियों के लिए एकीकृत एग्रीगेटर मंच के रूप में शुरू हुआ है। यह अनेक लॉगिन, दोहराव वाली डेटा प्रविष्टि और खंडित रिपोर्टिंग घटाएगा तथा आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन और आयुष्मान भारत स्वास्थ्य खाता से जुड़े सुरक्षित अभिलेख आदान-प्रदान को समर्थन देगा। मंत्रालय ने अवसंरचना भार में 20-30 प्रतिशत तथा डेटा प्रविष्टि और मानव संसाधन दोहराव में 20-40 प्रतिशत कमी का अनुमान लगाया।

Ministry of Health and Family Welfare आधिकारिक

pib.gov.in

RAS के लिए मुख्य बिंदु

  • स्वस्थ भारत पोर्टल की घोषणा स्वास्थ्य मंत्रालय ने 6 मई 2026 को केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जगत प्रकाश नड्डा द्वारा शुरुआत के बाद की।
  • इसे नवाचार और समावेशन पर दसवें राष्ट्रीय शिखर सम्मेलन: भारत के स्वास्थ्य भविष्य को आकार देने वाली श्रेष्ठ प्रथाएं के दौरान शुरू किया गया।
  • पोर्टल एग्रीगेटर मंच है जो तकनीकी इंटरफेस आधारित संघीय संरचना से मौजूदा कार्यक्रम प्रणालियों को जोड़ता है।
  • इसका लक्ष्य अनेक लॉगिन, दोहराव वाली डेटा प्रविष्टि, खंडित डेटा-संग्रह और स्वास्थ्य सेवा प्रदाताओं पर प्रशासनिक बोझ घटाना है।
  • यह एक मंच, डेटा-दृश्यांकन उपकरण और निगरानी तथा योजना के लिए स्थानीय डेटा देकर अग्रिम पंक्ति के कर्मियों की सहायता करता है।
  • मंच आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन अनुरूप है और सुरक्षित रोगी अभिलेख आदान-प्रदान के लिए आयुष्मान भारत स्वास्थ्य खाता एकीकरण का समर्थन करता है।
  • अपेक्षित लाभों में अवसंरचना भार में 20-30 प्रतिशत तथा डेटा प्रविष्टि प्रयास और मानव संसाधन दोहराव में 20-40 प्रतिशत कमी शामिल है।

स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय ने 6 मई 2026 को बताया कि केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जगत प्रकाश नड्डा ने नवाचार और समावेशन पर दसवें राष्ट्रीय शिखर सम्मेलन: भारत के स्वास्थ्य भविष्य को आकार देने वाली श्रेष्ठ प्रथाएं के दौरान हाल में स्वस्थ भारत पोर्टल शुरू किया। मंत्रालय ने इसे एकीकृत, दक्ष और विस्तारणीय डिजिटल सार्वजनिक स्वास्थ्य संरचना की ओर बदलाव बताया। राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों के तहत बनाए गए कई डिजिटल अनुप्रयोगों ने सेवा वितरण, निगरानी और रिपोर्टिंग में सहायता की है, पर अनेक अलग-अलग ढांचों में चलते रहे, जिससे दोहराव वाला काम, खंडित डेटा-संग्रह और संसाधनों का कम उपयोग हुआ। इसलिए स्वस्थ भारत को ऐसे एग्रीगेटर मंच के रूप में तैयार किया गया है जो तकनीकी इंटरफेस आधारित संघीय संरचना से मौजूदा प्रणालियों को जोड़ता है। यह कार्यक्रमों में एकीकृत डिजिटल परत बनाएगा, कई राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों को एक ही इंटरफेस पर लाएगा, अनेक लॉगिन और दोहराव वाली डेटा प्रविष्टि घटाएगा तथा स्वास्थ्य सेवा प्रदाताओं का प्रशासनिक बोझ कम करेगा। आशा कार्यकर्ता, एएनएम, सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी और चिकित्सा अधिकारी जैसे अग्रिम पंक्ति के स्वास्थ्यकर्मी अक्सर कार्यक्रम रिपोर्टिंग के लिए अलग-अलग अनुप्रयोगों में काफी समय लगाते हैं। पोर्टल उन्हें निगरानी और साक्ष्य-आधारित योजना के लिए डेटा-दृश्यांकन उपकरणों सहित एक मंच देने का लक्ष्य रखता है। यह आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन अनुरूप है और रोगी स्वास्थ्य अभिलेखों के सुरक्षित आदान-प्रदान के लिए आयुष्मान भारत स्वास्थ्य खाता एकीकरण का समर्थन करता है। मंत्रालय ने कहा कि पोर्टल आगे स्वास्थ्य पेशेवर रजिस्ट्री और स्वास्थ्य सुविधा रजिस्ट्री जैसी राष्ट्रीय रजिस्ट्रियों से जुड़ सकता है। अपेक्षित दक्षता लाभों में अवसंरचना भार में 20-30 प्रतिशत कमी तथा डेटा प्रविष्टि प्रयास और मानव संसाधन दोहराव में 20-40 प्रतिशत कमी शामिल है। पोर्टल सार्वजनिक स्वास्थ्य में अभिसरण, दक्षता और डेटा-आधारित शासन को आगे बढ़ाने के लिए बनाया गया है।

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

1 स्वस्थ भारत पोर्टल क्या है?

यह मौजूदा राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रम प्रणालियों को एकीकृत डिजिटल परत में जोड़ने के लिए बनाया गया एकीकृत एग्रीगेटर मंच है।

2 पोर्टल की आवश्यकता क्यों थी?

मंत्रालय ने कहा कि कई स्वास्थ्य कार्यक्रम अनुप्रयोग अलग-अलग ढांचों में चलते थे, जिससे दोहराव वाला काम, खंडित डेटा और संसाधनों का अक्षम उपयोग होता था।

3 अग्रिम पंक्ति के स्वास्थ्यकर्मियों को कैसे लाभ होगा?

उन्हें डेटा-दृश्यांकन उपकरणों और निगरानी तथा साक्ष्य-आधारित योजना के लिए स्थानीय डेटा उपयोग सहित एक मंच मिलेगा।

4 कौन से दक्षता लाभ अनुमानित हैं?

विज्ञप्ति ने अवसंरचना भार में 20-30 प्रतिशत और डेटा प्रविष्टि प्रयास तथा मानव संसाधन दोहराव में 20-40 प्रतिशत कमी का अनुमान लगाया।

पाठ्यक्रम विषय

Subjects

भारतीय संविधान एवं शासन