मुख्य बिंदु

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    न्यूटन के गति नियम

    • प्रथम नियम (जड़त्व): बाह्य बल के बिना वस्तु अपनी विरामावस्था या एकसमान गति बनाए रखती है
    • द्वितीय नियम: F = ma
    • तृतीय नियम: प्रत्येक क्रिया की समान व विपरीत प्रतिक्रिया होती है
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    ऊर्जा संरक्षण का नियम

    • ऊर्जा न तो उत्पन्न होती है न नष्ट — केवल रूपांतरित होती है
    • गैर-संरक्षी बलों की अनुपस्थिति में कुल यांत्रिक ऊर्जा (KE + PE) संरक्षित रहती है
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    न्यूटन का गुरुत्वाकर्षण नियम

    • F = Gm₁m₂/r²; G = 6.674 × 10⁻¹¹ N·m²/kg²
    • पृथ्वी से पलायन वेग = 11.2 km/s; चंद्रमा से = 2.4 km/s
    • चंद्रमा पर वायुमंडल नहीं क्योंकि पलायन वेग कम है
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    प्रकाश एवं उसकी घटनाएँ

    • प्रकाश निर्वात में 3 × 10⁸ m/s की गति से चलता है
    • परावर्तन: आपतन कोण = परावर्तन कोण (i = r)
    • अपवर्तन: माध्यम बदलने पर मुड़ना; n = c/v
    • पूर्ण आंतरिक परावर्तन: ऑप्टिकल फाइबर का आधार; काँच का क्रांतिक कोण ≈ 42°
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    ऊष्मागतिकी के नियम

    • शून्यवाँ नियम: तापीय साम्यावस्था की अवधारणा — तापमान परिभाषित करता है
    • प्रथम नियम: ऊर्जा संरक्षण; Q = ΔU + W
    • द्वितीय नियम: ऊष्मा स्वाभाविक रूप से गर्म से ठंडे की ओर; एन्ट्रॉपी बढ़ती है
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    ओम का नियम एवं विद्युत ऊर्जा

    • ओम का नियम: V = IR
    • शक्ति: P = VI = I²R
    • जूल का ताप नियम: H = I²Rt
    • विद्युत ऊर्जा की SI इकाई: किलोवाट-घंटा (kWh); 1 kWh = 3.6 × 10⁶ J
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    विद्युत-चुंबकीय प्रेरण

    • फैराडे (1831): परिवर्तित चुंबकीय फ्लक्स से EMF प्रेरित होता है
    • जनित्र, ट्रांसफॉर्मर, प्रेरण मोटर का आधार
    • लेंज़ का नियम: प्रेरित धारा परिवर्तन का विरोध करती है
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    ध्वनि तरंगें

    • ध्वनि एक यांत्रिक अनुदैर्ध्य तरंग है — माध्यम चाहिए
    • वायु में गति: 0°C पर 332 m/s
    • पराध्वनि (> 20,000 Hz): सोनार, चिकित्सा इमेजिंग में उपयोग
    • अवध्वनि (< 20 Hz): हाथियों द्वारा संचार, भूकंप निगरानी
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    विद्युत-चुंबकीय वर्णक्रम

    • बढ़ती आवृत्ति में: रेडियो → माइक्रोवेव → अवरक्त → दृश्य (बैंगनी-नीला-आसमानी-हरा-पीला-नारंगी-लाल) → पराबैंगनी → एक्स-किरण → गामा
    • सभी तरंगें निर्वात में 3 × 10⁸ मीटर/सेकंड की गति से चलती हैं
    • आवृत्ति और तरंगदैर्ध्य भिन्न होते हैं; संबंध है: वेग = आवृत्ति × तरंगदैर्ध्य
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    चिकित्सा इमेजिंग — X-किरण, CT, MRI

    • X-किरणें (रोएंटजेन, 1895): हड्डियों का चित्रण; नरम ऊतक से पार
    • CT स्कैन: विभिन्न कोणों से X-किरण छवियों का 3D पुनर्निर्माण
    • MRI: 1.5–3 Tesla चुंबकीय क्षेत्र और रेडियो तरंगों से नरम ऊतक का चित्रण; बिना विकिरण
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    PET स्कैन एवं अल्ट्रासाउंड

    • PET स्कैन: F-18 FDG ट्रेसर; कैंसर कोशिकाएँ अधिक ग्लूकोज़ लेती हैं → "हॉट स्पॉट" दिखते हैं
    • F-18 से उत्सर्जित पॉजिट्रॉन इलेक्ट्रॉन से मिलकर दो गामा फोटॉन देता है
    • अल्ट्रासाउंड (USG): 2–15 MHz ध्वनि तरंगें; प्रसूति, हृदय चित्रण में सुरक्षित
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    विकिरण सुरक्षा — ALARA

    • ALARA सिद्धांत: यथासंभव न्यूनतम विकिरण संपर्क
    • समय: संपर्क की अवधि कम करें
    • दूरी: तीव्रता ∝ 1/d²
    • परिरक्षण: X-किरण के लिए सीसे के ऐप्रन, परमाणु रिएक्टर के लिए कंक्रीट
    • विकिरण कर्मियों की वार्षिक अनुमेय खुराक = 20 mSv (ICRP)
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    केपलर के ग्रहीय गति नियम

    • प्रथम नियम: ग्रह दीर्घवृत्ताकार कक्षाओं में सूर्य को एक फोकस पर रखकर घूमते हैं
    • द्वितीय नियम: सूर्य से ग्रह को जोड़ने वाली रेखा बराबर समय में बराबर क्षेत्र स्वीप करती है
    • तृतीय नियम: T² ∝ r³
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    अर्धचालक भौतिकी एवं बैंड सिद्धांत

    • चालक: शून्य बैंड अंतराल — बैंड परस्पर अतिव्यापी होते हैं
    • इन्सुलेटर: बड़ा बैंड अंतराल (> 3 eV)
    • अर्धचालक (Si, Ge): छोटा बैंड अंतराल (~1 eV); तापमान बढ़ने पर चालकता बढ़ती है
    • p-n जंक्शन: एकदिशीय धारा (दिष्टकारी)
    • LED: p-n जंक्शन पर विद्युत से प्रकाश उत्पन्न होता है

संभावित RAS प्रश्न

PYQ रुझान और 2026 पाठ्यक्रम विश्लेषण पर आधारित

1 5M MRI क्या है? यह CT स्कैन और X-किरण से अपने कार्य सिद्धांत और नैदानिक उपयोग में कैसे भिन्न है? 5 अंक · 50 शब्द

आदर्श उत्तर

MRI 1.5–3 Tesla चुंबकीय क्षेत्र और रेडियोफ्रीक्वेंसी से ऊतकों में हाइड्रोजन परमाणुओं का चित्रण — बिना विकिरण; मस्तिष्क, स्नायु के लिए सर्वश्रेष्ठ। CT स्कैन — बहु-कोण X-किरणों से 3D छवि; हड्डी, फेफड़े के लिए। X-किरण — सरल, त्वरित, हड्डी टूटना और सीने के संक्रमण के लिए; विकिरण अधिक।

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