मुख्य बिंदु

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    धर्मनिरपेक्षीकरण (पीटर बर्जर) वह प्रक्रिया है जिसमें धर्म का व्यक्तिगत व्यवहार, सामाजिक संस्थाओं और सार्वजनिक जीवन पर प्रभाव घटता है। भारत संवैधानिक पंथनिरपेक्ष मॉडल अपनाता है — राज्य न किसी धर्म को बढ़ावा देता है, न भेद (अनुच्छेद 25–28)।

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    नगरीकरण: भारत में शहरी जनसंख्या 1951 के 17.3% से 2011 जनगणना में 31.1% तक बढ़ी; 2030 तक 40% अनुमानित। 2023 तक भारत में 4,041 वैधानिक नगर, 3,784 जनगणना नगर और 53 महानगर (≥10 लाख जनसंख्या) हैं।

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    आधुनिकीकरण (एस.एन. आइज़ेनस्टैड्ट, 1966) पारंपरिक समाजों का बहुआयामी रूपांतरण है — संरचनात्मक विभेदीकरण, लोकतंत्रीकरण, नगरीकरण, औद्योगीकरण, धर्मनिरपेक्षीकरण, युक्तिसंगतता — जो आधुनिक मूल्यों और तकनीक के प्रसार से प्रेरित है।

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    वैश्वीकरण विश्वव्यापी सामाजिक, आर्थिक, सांस्कृतिक और राजनीतिक संबंधों की गहनता है। WTO (1995) और उदारीकरण (1991) इसके संस्थागत चालक हैं। भारत का व्यापार-GDP अनुपात 1990 के 14% से 2022 में 42% हो गया।

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    अर्जुन अपादुराई के 5 सांस्कृतिक प्रवाह (मॉडर्निटी एट लार्ज, 1996): एथनोस्केप (लोगों का प्रवाह), मीडियास्केप (मीडिया चित्र), टेक्नोस्केप (तकनीक), फाइनेंसस्केप (पूंजी), आइडियोस्केप (विचारधाराएँ)। ये असंगत प्रवाह जटिल और गैर-एकरूप वैश्विक संस्कृति बनाते हैं; यह कोई एकरूप "अमेरिकीकरण" नहीं है।

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    वेस्टॉक्सिकेशन (ग़र्बज़देगी) — ईरानी दार्शनिक जलाल अल-ए-अहमद (1962) द्वारा गढ़ा गया; इसका अर्थ है पश्चिमी उपभोक्ता संस्कृति एवं मूल्यों का अत्यधिक अनुकरण जिससे गैर-पश्चिमी समाज अपनी स्वदेशी पहचान खो देते हैं।

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    ग्लोबल विलेजमार्शल मैक्लुहान (1962) की अवधारणा: इलेक्ट्रॉनिक मीडिया (TV, रेडियो, इंटरनेट) ने स्थान-समय संकुचित कर विश्व को एक एकल समुदाय बनाया है — सभी एक साथ वैश्विक घटनाओं में भागीदार।

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    भारतीय संविधान में धर्मनिरपेक्षता42वें संविधान संशोधन (1976) द्वारा प्रस्तावना में "पंथनिरपेक्ष" जोड़ा गया। भारत की धर्मनिरपेक्षता = सर्वधर्म समभाव। अनुच्छेद 25 (विवेक की स्वतंत्रता), 26 (धार्मिक संगठनों का अधिकार), 27 (धर्म के लिए कोई कर नहीं), 28 (राज्य-वित्त संस्थाओं में धार्मिक शिक्षा नहीं)।

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    नगरीकरण और मलिन बस्तियाँ: भारत की शहरी वृद्धि ने गहरी असमानताएँ उत्पन्न की हैं — 17.4% शहरी घर मलिन बस्तियों में हैं (2011); मुंबई का धारावी (2.1 वर्ग किमी में ~10 लाख लोग) एशिया की सबसे बड़ी झुग्गी बस्ती है। PMAY-U (2015) सभी शहरी गरीबों के लिए आवास का लक्ष्य रखती है।

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    आधुनिकीकरण और उसके आलोचक — निर्भरता सिद्धांत: आंद्रे गुंडर फ्रैंक (1967) ने तर्क दिया कि पश्चिमी आधुनिकीकरण सिद्धांत विचारधारात्मक है — यह औपनिवेशिक संरचनाओं को अनदेखा करता है जो विकासशील देशों को अल्पविकास में रखती हैं। भारत में आंशिक आधुनिकीकरण है: शहरी अभिजात प्रथम-विश्व उपभोग जीते हैं, ग्रामीण/जनजातीय जनसंख्या परंपरागत ढाँचे में रहती है।

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    ग्लोकलाइज़ेशन — समाजशास्त्री रोलैंड रॉबर्टसन (1992): वैश्वीकरण एकरूप वैश्विक संस्कृति नहीं बनाता; बल्कि वैश्विक प्रक्रियाएँ स्थानीय संस्कृतियों द्वारा अनुकूलित होकर संकर परिणाम देती हैं। उदाहरण: मैकडॉनल्ड्स इंडिया में मैकआलू टिक्की, बॉलीवुड में हॉलीवुड शैली का समावेश, योग का वैश्विक फिटनेस अभ्यास बनना।

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    राजस्थान में नगरीकरण: राजस्थान की शहरी जनसंख्या 2001 के 23.4% से 2011 जनगणना में 24.9% हुई — राष्ट्रीय औसत 31.1% से कम, जो राज्य के कृषि-प्रधान स्वरूप को दर्शाता है। जयपुर एकमात्र महानगर (30.7 लाख, 2011) है; राज्य में 184 शहरी स्थानीय निकाय हैं। जयपुर-दिल्ली कॉरिडोर के आसपास तेज़ नगरीकरण और औद्योगिक विकास दिखता है।

संभावित RAS प्रश्न

PYQ रुझान और 2026 पाठ्यक्रम विश्लेषण पर आधारित

1 5M ग्लोबल विलेज क्या है? इसे किसने प्रस्तावित किया और भारत के लिए इसका क्या अर्थ है? 5 अंक · 50 शब्द

आदर्श उत्तर

मार्शल मैक्लुहान (1962) ने ग्लोबल विलेज की अवधारणा दी — इलेक्ट्रॉनिक मीडिया स्थान-समय संकुचित कर विश्व को एकल समुदाय बनाता है। भारत में 2023 तक 70 करोड़ इंटरनेट उपयोगकर्ता; COVID-19 या यूक्रेन युद्ध जैसी घटनाएँ भारतीय बाजार, आपूर्ति श्रृंखला और जनमत को तुरंत प्रभावित करती हैं — वास्तविक वैश्विक अन्तर्निर्भरता का प्रमाण।**

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