केंद्रीय मंत्रिमंडल ने दक्षिण ओडिशा में NH-326 के मोहाना-कोरापुट खंड के 1,526 करोड़ रुपये के चौड़ीकरण को मंज़ूरी दी
केंद्रीय मंत्रिमंडल ने 31 दिसंबर 2025 को दक्षिण ओडिशा में NH-326 के 243 किलोमीटर मोहाना-कोरापुट खंड को पक्के शोल्डर के साथ दो-लेन में चौड़ा करने के लिए EPC मोड पर 1,526.21 करोड़ रुपये को मंज़ूरी दी। यह गजपति, रायगड़ा, कोरापुट आकांक्षी आदिवासी ज़िलों से गुज़रता है, यात्रा समय में 2.5-3 घंटे की कमी करेगा और गोपालपुर पोर्ट एवं जयपोर एयरपोर्ट से कनेक्ट करेगा।
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RAS के लिए मुख्य बिंदु
- 31 दिसंबर 2025 को NH-326 के मोहाना-कोरापुट खंड (किमी 68.600 से 311.700) के चौड़ीकरण के लिए कुल 1,526.21 करोड़ रुपये स्वीकृत
- नागरिक निर्माण लागत 966.79 करोड़ रुपये; राष्ट्रीय राजमार्ग (मूल) योजना के अंतर्गत EPC मोड पर कार्यान्वयन
- दक्षिण ओडिशा के आदिवासी बहुल आकांक्षी ज़िलों गजपति, रायगड़ा एवं कोरापुट को कवर
- आर्थिक आंतरिक लाभ दर 17.95%; यात्रा समय 2.5 से 3 घंटे तथा दूरी लगभग 12.5 किमी कम
- NH-16, NH-26, NH-59 से कनेक्टिविटी सुदृढ़; गोपालपुर पोर्ट, जयपोर एयरपोर्ट एवं रेलवे स्टेशनों तक पहुँच बेहतर
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने 31 दिसंबर 2025 को ओडिशा में राष्ट्रीय राजमार्ग 326 के मोहाना-कोरापुट खंड के चौड़ीकरण एवं सुदृढ़ीकरण को कुल 1,526.21 करोड़ रुपये की लागत पर मंज़ूरी दी। यह परियोजना किलोमीटर 68.600 से 311.700 तक, लगभग 243 किलोमीटर की दूरी को कवर करती है, और मौजूदा सड़क को पक्के शोल्डर के साथ दो-लेन राजमार्ग में उन्नत करेगी। नागरिक निर्माण लागत 966.79 करोड़ रुपये आंकी गई है। यह उन्नयन गजपति, रायगड़ा एवं कोरापुट ज़िलों से होकर गुज़रता है — ये क्षेत्र दक्षिण ओडिशा के बड़े आदिवासी आबादी वाले आकांक्षी ज़िलों के रूप में निर्दिष्ट हैं। कार्यान्वयन राष्ट्रीय राजमार्ग (मूल) योजना के अंतर्गत इंजीनियरिंग, प्रोक्योरमेंट एंड कंस्ट्रक्शन (EPC) मोड पर किया जाएगा, जिसकी निर्माण समय-सीमा नियुक्त तिथि से 24 महीने तथा पांच वर्ष की दोष दायित्व अवधि है। गुणवत्ता की निगरानी ड्रोन मैपिंग, नेटवर्क सर्वे वाहनों और परियोजना निगरानी सूचना प्रणाली के माध्यम से की जाएगी, तथा जहाँ उपयुक्त हो वहाँ प्रीकास्ट संरचनाओं एवं रिइन्फोर्स्ड-अर्थ वॉल प्रणालियों का उपयोग होगा। परियोजना की आर्थिक आंतरिक लाभ दर 17.95 प्रतिशत अनुमानित है। मोहाना और कोरापुट के बीच यात्रा समय 2.5 से 3 घंटे तक कम होगा तथा दूरी लगभग 12.5 किलोमीटर घटेगी। उन्नत कॉरिडोर NH-16, NH-26 एवं NH-59 से कनेक्टिविटी बढ़ाता है, तथा गोपालपुर पोर्ट, जयपोर एयरपोर्ट एवं कई रेलवे स्टेशनों तक पहुँच सुधारता है। यह परियोजना आदिवासी पट्टियों से तटीय बंदरगाहों एवं औद्योगिक केंद्रों तक माल एवं खनिजों के संचलन को तेज़ करेगी तथा दक्षिण ओडिशा के स्थानीय समुदायों के लिए सड़क सुरक्षा सुधारेगी।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
1 31 दिसंबर 2025 को स्वीकृत NH-326 परियोजना की कुल लागत एवं लंबाई क्या है?
मंत्रिमंडल ने NH-326 के मोहाना-कोरापुट खंड के चौड़ीकरण के लिए 1,526.21 करोड़ रुपये को मंज़ूरी दी, जो किमी 68.600 से 311.700 तक फैला है, लगभग 243 किमी लंबा है, और जिसकी नागरिक निर्माण लागत 966.79 करोड़ रुपये है।
2 NH-326 उन्नयन किन ज़िलों को कवर करेगा?
यह परियोजना दक्षिण ओडिशा के गजपति, रायगड़ा एवं कोरापुट ज़िलों से गुज़रती है — ये आदिवासी बहुल आकांक्षी ज़िले के रूप में नामित हैं।
3 परियोजना किस योजना एवं मोड के तहत कार्यान्वित होगी?
यह राष्ट्रीय राजमार्ग (मूल) योजना के अंतर्गत इंजीनियरिंग, प्रोक्योरमेंट एंड कंस्ट्रक्शन (EPC) मोड पर कार्यान्वित होगी, जिसकी अवधि 24 महीने तथा पांच वर्ष की दोष दायित्व अवधि है।
4 इस उन्नयन से कनेक्टिविटी में क्या सुधार होगा?
यह NH-16, NH-26 एवं NH-59 से जुड़ाव को बढ़ाता है, तथा गोपालपुर पोर्ट, जयपोर एयरपोर्ट एवं कई रेलवे स्टेशनों तक पहुँच सुधारता है, जिससे आदिवासी पट्टियों से तटीय हबों तक व्यापार एवं लॉजिस्टिक्स को बल मिलता है।
Mains दृष्टिकोण
RAS Mains के लिए अभ्यास प्रश्न एवं आदर्श उत्तर
प्रश्न: दक्षिण ओडिशा में राष्ट्रीय राजमार्ग-326 के मोहाना-कोरापुट खंड के चौड़ीकरण हेतु मंत्रिमंडल की 1,526.21 करोड़ रुपये की मंज़ूरी के रणनीतिक महत्व की समीक्षा कीजिए।
उत्तर (50 शब्द):
मंत्रिमंडल ने 31 दिसंबर 2025 को राष्ट्रीय राजमार्ग-326 के 243 किलोमीटर मोहाना-कोरापुट खंड को दो-लेन में चौड़ा करने हेतु इंजीनियरिंग-खरीद-निर्माण मोड पर 1,526.21 करोड़ रुपये मंज़ूर किए। गजपति, रायगड़ा, कोरापुट आकांक्षी आदिवासी ज़िलों से गुज़रता उन्नयन यात्रा समय 2.5-3 घंटे घटाएगा तथा गोपालपुर बंदरगाह एवं जयपोर हवाई अड्डे से जोड़ेगा।
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