सार्वजनिक अनुभाग पूर्वावलोकन
नए मिनीलेटरल समूह
8.1 I2U2 समूह
I2U2 = India + Israel + UAE + USA
उत्पत्ति और संदर्भ
I2U2 की घोषणा अक्टूबर 2021 में Abraham Accords (2020) के बाद हुई — UAE और Bahrain ने Israel के साथ संबंध सामान्य किए — जिसने अरब-इज़राइली सहयोग को सक्षम करने वाला नया भू-राजनीतिक ज्यामिति बनाई।
पहला I2U2 नेताओं का शिखर 14 जुलाई 2022 को वर्चुअल आयोजित — PM Modi, President Biden, इज़राइली PM Yair Lapid, UAE President Mohammed bin Zayed।
छह फोकस क्षेत्र: जल, ऊर्जा, परिवहन, अंतरिक्ष, स्वास्थ्य और खाद्य सुरक्षा।
पहला प्रमुख परिणाम
UAE ने इज़राइली कृषि-तकनीक (परिशुद्ध खेती, drip irrigation, रेगिस्तान कृषि) का उपयोग करते हुए India में खाद्य पार्क बनाने में $2 अरब निवेश करने की प्रतिबद्धता जताई; अमेरिका ने तकनीकी सहायता प्रदान की।
रणनीतिक महत्त्व
- अनूठा बहुपक्षीय अभिसरण: India (South Asia), Israel (Middle East), UAE (Gulf), USA (पश्चिम)
- Abraham Accords ने अरब-इज़राइली सहयोग के लिए कूटनीतिक स्थान बनाया
- India के रूप में Israel-UAE और वैश्विक आपूर्ति श्रृंखलाओं के बीच आर्थिक पुल
- गलियारा: India → UAE → Israel → Jordan → Europe (IMEC दृष्टि के अनुरूप)
- Gulf में China के बढ़ते प्रभाव का प्रतिसंतुलन
8.2 AUKUS
AUKUS = Australia + United Kingdom + USA
AUKUS की घोषणा 15 सितंबर 2021 को US President Biden, UK PM Boris Johnson और Australian PM Scott Morrison के संयुक्त बयान में हुई। मूल प्रतिबद्धता: Australia के French डीजल पनडुब्बी अनुबंध (€56 अरब — France ने इसे "पीठ में छुरा" कहा) को परमाणु-संचालित पनडुब्बियों से बदलना।
AUKUS के दो स्तंभ
स्तंभ I — परमाणु-संचालित पनडुब्बियाँ (SSNs): 3-चरण योजना:
- Phase 1 (2023–2027): Australia में अमेरिका और UK की पनडुब्बी यात्राएं बढ़ाई; Australian submariners को प्रशिक्षण
- Phase 2 (2027–2032): US Virginia-class पनडुब्बियाँ Stirling (HMAS Stirling, Perth) में; Australia 5 तक Virginia-class SSNs खरीदेगा
- Phase 3 (2035+): SSN-AUKUS — UK द्वारा Australia के इनपुट से डिजाइन की गई परमाणु-संचालित (परमाणु सशस्त्र नहीं) पनडुब्बियों की नई श्रेणी
स्तंभ II — उन्नत तकनीक: AI, स्वायत्त प्रणाली, क्वांटम तकनीक, साइबर सुरक्षा, hypersonic मिसाइल, undersea क्षमताएं, electronic warfare।
भू-राजनीतिक संदर्भ
- China ने AUKUS को "हथियारों की दौड़ भड़काना" और "शीत युद्ध मानसिकता" कहकर निंदा की
- France ने अमेरिका और Australia से राजदूत वापस बुलाए (अभूतपूर्व — बाद में सुलह)
- AUKUS + QUAD मिलकर Chinese नौसैनिक शक्ति की रोकथाम पर केंद्रित उभरती हिंद-प्रशांत सुरक्षा वास्तुकला का प्रतिनिधित्व करते हैं
- India सदस्य नहीं लेकिन AUKUS-चालित Chinese नौसैनिक शक्ति की रोकथाम से लाभान्वित
8.3 DAKSHIN
DAKSHIN (Development and Action in Knowledge Sharing and Humanitarian Interaction Network — पूर्ण रूप विभिन्न स्रोतों में अलग) India की Global South सहयोग पहल है, जो India की G20 अध्यक्षता के दौरान 2023 में घोषित हुई।
संदर्भ और फोकस
India ने Voice of the Global South Summit (जनवरी 2023, वर्चुअल) 125 विकासशील देशों के साथ आयोजित किया। इससे DAKSHIN अवधारणा उभरी।
फोकस क्षेत्र:
- तकनीक साझाकरण और ज्ञान हस्तांतरण
- क्षमता निर्माण
- डिजिटल सार्वजनिक अवसंरचना
- विकासशील देशों के लिए जलवायु अनुकूलन वित्त
India की भूमिका और DAKSHIN बनाम शीत युद्ध NAM
India खुद को "विश्वमित्र" (विश्व का मित्र) — विकसित उत्तर और विकासशील दक्षिण के बीच सेतु — के रूप में प्रस्तुत करता है।
- शीत युद्ध NAM: तटस्थता और अहिस्सेदारी
- DAKSHIN: Global South के लिए सक्रिय संलग्नता और विकास नेतृत्व
