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राजव्यवस्था, शासन एवं समसामयिकी

प्रमुख चुनाव सुधार

मतदान व्यवहार, चुनावी सुधार, निर्वाचन

पेपर III · इकाई 1 अनुभाग 5 / 11 0 PYQ 28 मिनट

सार्वजनिक अनुभाग पूर्वावलोकन

प्रमुख चुनाव सुधार

4.1 EVM और VVPAT

इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनें (EVM):

  • 1982 में परूर विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र (केरल) में परीक्षण आधार पर प्रारंभ
  • 1998–99 से सभी विधानसभा चुनावों में उपयोग
  • 2004 से सभी लोकसभा चुनावों में उपयोग
  • BEL (Bharat Electronics Ltd) और ECIL (Electronics Corporation of India Ltd) द्वारा निर्मित — दोनों भारत सरकार के सार्वजनिक उपक्रम
  • प्रमुख सुरक्षा विशेषताएँ: कोई नेटवर्क/इंटरनेट कनेक्टिविटी नहीं; प्रत्येक EVM की एक अनूठी ID; छेड़-प्रतिरोधी सील; मतदान के बाद CCTV सहित स्ट्रांग रूम में भंडारण; पर्यवेक्षक उपस्थिति में मतगणना
  • तकनीकी विशेषज्ञ समिति (IIT प्रोफेसर) ने EVM को बार-बार छेड़-प्रतिरोधी प्रमाणित किया है

VVPAT (Voter Verified Paper Audit Trail):

  • EVM से जुड़ा; मतदाता को 7 सेकंड के लिए दृश्य कागज़ी पर्ची दिखाता है जिसमें मतदान किए गए उम्मीदवार और दल का चिह्न होता है
  • 2013 में नोकसेन विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र (नागालैंड) में परीक्षण आधार पर प्रारंभ
  • 2019 लोकसभा चुनावों से राष्ट्रव्यापी तैनात
  • VVPAT पर्चियाँ अलग से संग्रहीत; EVM-VVPAT विसंगति के मामले में ही गिनी जाती हैं
  • N. Chandraswami Rudrappa बनाम ECI (2024) में SC ने 100% VVPAT मतगणना के आदेश से इनकार किया, प्रति विधानसभा खंड 5 VVPAT पर्चियों की वर्तमान प्रोटोकॉल को बरकरार रखा

EVM विवाद: विपक्षी दल समय-समय पर EVM छेड़छाड़ का आरोप लगाते हैं; ECI और IIT तकनीकी समितियों ने दूरस्थ छेड़छाड़ की संभावना को लगातार नकारा है। सर्वोच्च न्यायालय ने कई बार EVM वैधता को बरकरार रखा है।

4.2 NOTA

NOTA (उपरोक्त में से कोई नहीं):

  • PUCL बनाम भारत संघ (2013) SC आदेश के बाद नवंबर 2013 राज्य चुनावों (5 राज्य) में प्रारंभ
  • तब से सभी चुनावों में उपलब्ध; EVM मतपत्र पर अंतिम विकल्प के रूप में दिखाई देता है

NOTA मत कैसे काम करते हैं:

  • NOTA मत अलग से गिने और प्रकाशित किए जाते हैं
  • वे पुनर्चुनाव ट्रिगर नहीं करते — यदि NOTA को सर्वाधिक मत मिलें तो भी दूसरे सर्वाधिक मत पाने वाले उम्मीदवार की जीत होती है
  • उद्देश्य: मतदाताओं को मत गोपनीयता बनाए रखते हुए सभी उम्मीदवारों से असंतोष दर्ज करने की अनुमति देता है (पहले के फॉर्म 49-O की तुलना में जो मतदाता की पहचान उजागर करता था)

उल्लेखनीय NOTA आँकड़े:

  • 2024 LS चुनाव: डाले गए मतों का 0.9% NOTA था
  • राजस्थान 2023 विधानसभा चुनाव: NOTA को 1.1% मत मिले

4.3 चुनावी बॉण्ड — और उनका न्यायिक रद्दीकरण

चुनावी बॉण्ड योजना (2018):

  • Finance Act 2017 और RPA 1951 में संशोधन द्वारा प्रारंभ
  • कोई भी व्यक्ति/कंपनी State Bank of India से ₹1,000–₹1 करोड़ के मूल्यवर्ग में वाहक बॉण्ड खरीदकर किसी भी पंजीकृत राजनीतिक दल को दान कर सकता था
  • बॉण्ड 15 दिनों के भीतर नकद किए जा सकते थे
  • "गुमनाम" परंतु पता लगाने योग्य — दाता की पहचान जनता को नहीं बताई जाती, लेकिन SBI खरीदार का रिकॉर्ड रखता है
  • बेचे गए कुल बॉण्ड: लगभग ₹16,518 करोड़ (2018–2024)
  • BJP को कुल बॉण्ड का लगभग 47% मिला; Congress को लगभग 11%

Association for Democratic Reforms बनाम भारत संघ (2024):

CJI D.Y. Chandrachud की अध्यक्षता में पाँच न्यायाधीशों की संवैधानिक पीठ ने सर्वसम्मति से निर्णय दिया:

  1. चुनावी बॉण्ड मतदाताओं के Article 19(1)(a) के तहत सूचना के अधिकार का उल्लंघन करते हैं — मतदाताओं को राजनीतिक दलों के वित्तपोषक जानने का अधिकार है
  2. गुमनामी quid pro quo व्यवस्थाओं को सक्षम बनाती है — सत्तारूढ़ दल को दान के बाद सरकारी अनुबंध पाने वाली कंपनियाँ
  3. Finance Act संशोधन money bill नहीं थे — प्रक्रियागत अनुचितता
  4. SBI को सभी डेटा ECI को सौंपने का निर्देश; ECI ने मार्च 2024 में अपनी वेबसाइट पर दाता-प्राप्तकर्ता डेटा प्रकाशित किया
  5. योजना असंवैधानिक घोषित; सभी अदिनांकित बॉण्ड वापस किए जाएँ या समेकित निधि में जमा किए जाएँ

यह ऐतिहासिक निर्णय आगे के चुनावी वित्तपोषण विनियमन को महत्त्वपूर्ण रूप से आकार देता है।

4.4 मतदाता पहचान और डिजिटल मतदाता सेवाएँ

EPIC (Elector's Photo Identity Card):

  • ECI द्वारा मतदान के प्राथमिक दस्तावेज के रूप में जारी
  • 2024 तक 97 करोड़ से अधिक EPIC जारी
  • ECI ने मतदाता सूची से डुप्लिकेट प्रविष्टियाँ हटाने के लिए EPIC को Aadhaar से जोड़ा

डिजिटल मतदाता सेवाएँ:

  • Voter Helpline 1950: मतदाता सूची प्रश्नों और शिकायतों के लिए राष्ट्रीय हेल्पलाइन
  • Voter Portal (voters.eci.gov.in): ऑनलाइन मतदाता पंजीकरण, फॉर्म जमा, मतदाता सूची खोज
  • दिव्यांगजनों के लिए सुगम मतदान: ECI विकलांग व्यक्तियों और वरिष्ठ नागरिकों (85+ घर से मतदान कर सकते हैं) के लिए व्हीलचेयर पहुँच, परिवहन और घरेलू मतदान सुविधा प्रदान करती है