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मुख्य बिंदु
परमाणु संरचना
- परमाणु के नाभिक में (प्रोटॉन + न्यूट्रॉन) होते हैं और इसके चारों ओर इलेक्ट्रॉन ऊर्जा कोशों में होते हैं
- परमाणु क्रमांक (Z) = प्रोटॉनों की संख्या; प्रत्येक तत्व की विशिष्ट पहचान
- द्रव्यमान संख्या (A) = प्रोटॉन + न्यूट्रॉन
समस्थानिक
- एक ही तत्व के परमाणु जिनका Z समान लेकिन A भिन्न हो
- उदाहरण: Carbon-12 और Carbon-14
- Carbon-14 का उपयोग रेडियोकार्बन डेटिंग में; अर्धायु = 5,730 वर्ष
धातु बनाम अधातु
- धातुएँ: विद्युत-धनात्मक, आघातवर्धनीय, तन्य, अच्छे चालक
- अधातुएँ: विद्युत-ऋणात्मक, भंगुर, खराब चालक
- अपवाद: ग्रेफाइट (अधातु, विद्युत का चालक)
- अपवाद: पारा (धातु, सामान्य तापमान पर द्रव)
प्रमुख अयस्क
- बॉक्साइट — एल्युमीनियम का प्रमुख अयस्क
- हेमेटाइट (Fe₂O₃) — लोहे का अयस्क
- गैलेना (PbS) — सीसे का अयस्क
- चाल्कोपाइराइट (CuFeS₂) — तांबे का अयस्क
- भारत के बॉक्साइट भंडार (~3 अरब टन) विश्व में 5वें सबसे बड़े हैं
मिश्र धातुएँ
- मिश्र धातुएँ धातुओं के समांगी मिश्रण होती हैं
- स्टेनलेस स्टील: Fe + Cr (10–11%) + Ni — जंग-रोधी
- पीतल: Cu + Zn; कांसा: Cu + Sn
- ड्यूरेलुमिन: Al + Cu + Mn + Mg — वायुयानों में उपयोग
- सोल्डर: Pb + Sn — विद्युत जोड़ों में उपयोग
pH पैमाना
- pH पैमाना 0–14 तक: pH < 7 = अम्लीय; pH = 7 = उदासीन; pH > 7 = क्षारीय
- मानव रक्त का pH = 7.35–7.45
- आमाशय अम्ल (HCl) का pH ≈ 1.5–2
- समुद्र के पानी का pH ≈ 8.1
औषधि वर्ग
- पीड़ाहारी (Analgesics) दर्द कम करते हैं: aspirin, paracetamol
- एंटीबायोटिक्स बैक्टीरिया को मारते/रोकते हैं: penicillin (Alexander Fleming, 1928)
- ज्वरनाशक (Antipyretics) बुखार कम करते हैं
- एंटीसेप्टिक्स जीवित ऊतकों पर संक्रमण रोकते हैं
- कीटाणुनाशक (Disinfectants) निर्जीव सतहों पर रोगाणुओं को नष्ट करते हैं
कीटनाशक
- ऑर्गेनोक्लोरीन कीटनाशक (DDT, BHC/lindane) — अत्यंत स्थायी, खाद्य श्रृंखलाओं में जैव-संचय
- अधिकांश स्टॉकहोम सम्मेलन (2004) के तहत प्रतिबंधित
- सुरक्षित विकल्प: neonicotinoids, pyrethroids, एकीकृत कीट प्रबंधन (IPM)
कार्बन यौगिक
- कार्बन श्रृंखलन (catenation) (स्व-जुड़ाव) और चतुर्संयोजकता (tetravalency) (4 बंध) के कारण लाखों यौगिक बनाता है
- एल्केन: CₙH₂ₙ₊₂ — संतृप्त हाइड्रोकार्बन
- एल्कीन: CₙH₂ₙ — एक द्विबंध
- एल्काइन: CₙH₂ₙ₋₂ — त्रिबंध
पेट्रोलियम और ईंधन
- पेट्रोलियम (कच्चा तेल) हाइड्रोकार्बन का मिश्रण है, प्रभाजी आसवन द्वारा शोधित
- प्रभाज: LPG (30°C से नीचे), पेट्रोल (30–70°C), केरोसीन (150–270°C), डीजल (250–350°C)
- ऊष्मीय मान: हाइड्रोजन (142 MJ/kg) > LPG (~50) > पेट्रोल (~47) > कोयला (~30 MJ/kg)
रेडियोधर्मिता
- अस्थिर नाभिकों से विकिरण का स्वतःस्फूर्त उत्सर्जन
- अल्फा (α): हीलियम नाभिक (2p+2n); कम भेदन क्षमता, कागज से रुक जाते हैं
- बीटा (β): इलेक्ट्रॉन या पॉजिट्रॉन; मध्यम भेदन क्षमता
- गामा (γ): उच्च-ऊर्जा विद्युत-चुंबकीय विकिरण; सर्वाधिक भेदन क्षमता, केवल मोटी सीसे/कंक्रीट से रुकती है
हरित रसायन
- 12 सिद्धांत Paul Anastas और John Warner, 1998 द्वारा निर्मित
- रासायनिक डिजाइन, संश्लेषण और उपयोग में खतरनाक पदार्थों को कम/समाप्त करने का लक्ष्य
- प्रमुख सिद्धांत: परमाणु अर्थव्यवस्था, नवीकरणीय कच्चे माल, सहायक विलायकों से बचाव
- साथ ही: ऊर्जा दक्षता, स्टोइकियोमेट्रिक के बजाय उत्प्रेरक अभिकर्मक
परमाणु विखंडन बनाम संलयन
- परमाणु विखंडन: U-235 या Pu-239 विभाजित होता है; प्रति विखंडन ~200 MeV ऊर्जा उत्पन्न; रिएक्टरों को शक्ति देता है
- परमाणु संलयन: हाइड्रोजन समस्थानिक हीलियम बनाते हैं; प्रति D-T अभिक्रिया ~17.6 MeV उत्पन्न
- संलयन के लिए ~10 करोड़ °C तापमान आवश्यक
- संलयन सूर्य का ऊर्जा स्रोत है
बहुलक रसायन
- प्राकृतिक बहुलक: रबर (polyisoprene), सेल्युलोज, स्टार्च, प्रोटीन
- कृत्रिम बहुलक: नायलॉन (polyamide, 1935), PVC (polyvinyl chloride), टेफ्लॉन (PTFE), बेकेलाइट (प्रथम कृत्रिम प्लास्टिक, 1907)
- रबर वल्केनीकरण: गंधक के साथ गर्म करना (Charles Goodyear 1839) लोच और मजबूती बढ़ाता है
