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अर्थशास्त्र

परिचय एवं संदर्भ

उद्योग: नीति, सुधार, वैश्वीकरण, उदारीकरण, निजीकरण, सूक्ष्म एवं लघु उद्यम

पेपर I · इकाई 2 अनुभाग 2 / 11 0 PYQ 26 मिनट

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परिचय एवं संदर्भ

अवलोकन

भारत की औद्योगिक नीति की कहानी एक नाटकीय बदलाव की कहानी है — भारी नियोजित, लाइसेंस राज अर्थव्यवस्था से बाजार-उन्मुख, विश्व-एकीकृत अर्थव्यवस्था तक। टॉपिक 24 में 1956 के संकल्प से 1991 के ऐतिहासिक सुधारों और 2014 के बाद के Make in India युग तक पाँच दशकों की औद्योगिक नीति शामिल है।

2021 की परीक्षा में आत्मनिर्भर भारत के औद्योगिक और बुनियादी ढाँचे के आयामों पर 10-अंकीय और MSMEs परिभाषा पर 5-अंकीय प्रश्न आए। 2026 की परीक्षा में PLI योजनाएँ, MSME नीति, Air India निजीकरण और PM गति शक्ति — सभी हालिया विकास — परीक्षित होने की संभावना है।

भारत की औद्योगिक चुनौती

भारत की औद्योगिक चुनौती तीन आयामी है:

  • विनिर्माण की GDP हिस्सेदारी 16% से 25% तक बढ़ाना
  • प्रतिवर्ष 8–10 करोड़ नए श्रम बल प्रवेशकों के लिए पर्याप्त रोजगार सृजन
  • वैश्विक आपूर्ति श्रृंखलाओं में चीन से प्रतिस्पर्धा

PLI योजनाएँ और आत्मनिर्भर भारत इन चुनौतियों के प्रति भारत की रणनीतिक प्रतिक्रिया हैं।