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प्रथम विश्व युद्ध: कारण एवं प्रभाव
2.1 दीर्घकालिक कारण: MAIN
इतिहासकार WWI के मूलभूत कारणों को संक्षेप में बताने के लिए MAIN संक्षिप्त नाम का उपयोग करते हैं।
M — सैन्यवाद (Militarism)
सभी प्रमुख यूरोपीय शक्तियाँ 1870 के दशक से शस्त्र दौड़ में लगी हुई थीं। जर्मनी ने 1871 से 1914 के बीच अपनी सेना दोगुनी कर ली; ब्रिटेन और जर्मनी नौसैनिक शस्त्र दौड़ (ड्रेडनॉट युद्धपोत) में उलझे थे। जर्मन श्लीफेन योजना (1905) — रूस और फ्रांस से एक साथ लड़ने की पूर्व-निर्धारित रणनीति — यह दर्शाती थी कि सैन्यवाद ने युद्ध-योजना को सामान्य बना दिया था। 1914 तक यूरोप में 60 लाख सैनिक हथियारबंद थे और विशाल युद्ध उद्योग संघर्ष के लिए तैयार थे।
A — गठबंधन प्रणाली (Alliance System)
दो शत्रुतापूर्ण गठबंधन गुट बन चुके थे:
- त्रिपक्षीय गठबंधन (1882): जर्मनी, ऑस्ट्रिया-हंगरी, इटली (इटली बाद में पक्ष बदल गया)
- त्रिपक्षीय समझौता (1907): फ्रांस, रूस, ब्रिटेन
इस परस्पर-जुड़ी प्रणाली का अर्थ था कि एक स्थानीय विवाद स्वतः ही सभी महाशक्तियों को खींच लेता — जुलाई–अगस्त 1914 में ठीक यही हुआ।
I — साम्राज्यवाद (Imperialism)
यूरोपीय शक्तियाँ अफ्रीका और एशिया में औपनिवेशिक साम्राज्यों के लिए प्रतिस्पर्धा कर रही थीं। 1905 और 1911 के मोरक्को संकटों ने दिखाया कि साम्राज्यवादी प्रतिद्वंद्विता कैसे सीधे टकराव को जन्म देती थी। बाल्कन पर नियंत्रण विशेष रूप से विवादास्पद था — ऑस्ट्रिया-हंगरी और रूस दोनों ही पतनशील ऑटोमन क्षेत्र पर प्रभाव चाहते थे।
N — राष्ट्रवाद (Nationalism)
दो प्रकार के राष्ट्रवाद यूरोप को अस्थिर कर रहे थे:
- पान-जर्मनवाद और पान-स्लाववाद (जातीय एकता की प्रतिस्पर्धी दृष्टि)
- बहु-जातीय ऑस्ट्रो-हंगेरियन साम्राज्य में राष्ट्रवादी अलगाववाद — सर्ब, चेक, स्लोवाक, क्रोट सभी स्वतंत्रता चाहते थे
सर्बिया केन्द्र-बिंदु था। बाल्कन युद्धों (1912–13) के बाद सर्बिया बड़ा हो गया और ऑस्ट्रिया-हंगरी को खतरा बना, जो सर्बियाई राष्ट्रवाद को कुचलना चाहता था।
2.2 तात्कालिक कारण: हत्याकांड
28 जून 1914 को साराजेवो (बोस्निया) में ऑस्ट्रो-हंगेरियन सिंहासन के उत्तराधिकारी आर्कड्यूक फ्रांज फर्डिनेंड की हत्या ब्लैक हैंड गुप्त संगठन के बोस्नियाई-सर्ब राष्ट्रवादी गैवरिलो प्रिंसिप ने की। ऑस्ट्रिया-हंगरी ने सर्बिया को दोषी ठहराया, 23 जुलाई 1914 को कठोर अल्टीमेटम दिया, और 28 जुलाई 1914 को सर्बिया पर युद्ध घोषित किया।
इसके बाद गठबंधन प्रणाली एक के बाद एक सक्रिय होती गई:
- रूस ने सर्बिया के लिए सेना एकत्रित की
- जर्मनी ने रूस (1 अगस्त) और फ्रांस (3 अगस्त) पर युद्ध घोषित किया
- जर्मनी ने बेल्जियम पर आक्रमण किया (4 अगस्त), जिससे ब्रिटेन भी युद्ध में शामिल हुआ
2.3 युद्ध: प्रमुख चरण एवं तथ्य
| चरण | प्रमुख घटनाएँ | तिथियाँ |
|---|---|---|
| पश्चिमी मोर्चा | खाई युद्ध; मार्ने का युद्ध | सितंबर 1914 |
| गैलीपोली अभियान | ऑटोमन पर Allies का प्रयास; ANZAC सैनिक | अप्रैल–दिसंबर 1915 |
| वर्दुन का युद्ध | सबसे लंबा युद्ध; ~7 लाख हताहत | फरवरी–दिसंबर 1916 |
| सोम्मे का युद्ध | ब्रिटिश आक्रमण; पहले दिन 57,000 ब्रिटिश हताहत | जुलाई–नवंबर 1916 |
| USA का प्रवेश | जर्मन असीमित पनडुब्बी युद्ध के बाद | अप्रैल 1917 |
| रूस की विदाई | बोल्शेविक क्रांति के बाद ब्रेस्ट-लिटोव्स्क संधि | मार्च 1918 |
| युद्धविराम | जर्मनी ने आत्मसमर्पण किया; 11वें घंटे, 11वें दिन, 11वें महीने | 11 नवंबर 1918 |
WWI के नए हथियार
- जहरीली गैस — क्लोरीन, मस्टर्ड गैस; पहली बार 1915 में यप्रेस में प्रयुक्त
- टैंक — ब्रिटिश आविष्कार; पहली बार 1916 में सोम्मे में प्रयुक्त
- विमान — लड़ाकू और बमवर्षक विकास
- पनडुब्बियाँ — U-boats; असीमित युद्ध
- मशीनगन — रक्षात्मक युद्ध को स्थायी रूप से बदला
2.4 WWI का प्रभाव
राजनीतिक प्रभाव
चार साम्राज्य ध्वस्त हुए:
- ऑटोमन साम्राज्य — आधुनिक तुर्की और अरब राज्यों को जन्म दिया
- ऑस्ट्रो-हंगेरियन साम्राज्य — ऑस्ट्रिया, हंगरी, चेकोस्लोवाकिया, युगोस्लाविया में विखंडित
- रूसी साम्राज्य — 1917 की क्रांति के बाद USSR से प्रतिस्थापित
- जर्मन साम्राज्य — वाइमर गणराज्य से प्रतिस्थापित
नए राष्ट्रों का निर्माण: पोलैंड, चेकोस्लोवाकिया, युगोस्लाविया, हंगरी, फिनलैंड, एस्टोनिया, लातविया, लिथुआनिया। सामूहिक सुरक्षा के पहले प्रयास के रूप में राष्ट्र संघ (जनवरी 1920) स्थापित हुआ।
आर्थिक प्रभाव
- यूरोप की औद्योगिक क्षमता तबाह हुई; कुल युद्ध लागत $186 अरब (1918 के डॉलर में) अनुमानित
- ब्रिटेन ने अमेरिका से भारी कर्ज लिया, जिससे वैश्विक वित्तीय शक्ति न्यूयॉर्क स्थानांतरित हुई
- जर्मनी में अति-मुद्रास्फीति (1923): 1 US डॉलर = 4.2 ट्रिलियन मार्क — बचत समाप्त
- आर्थिक बर्बादी सीधे महामंदी (1929–33) की ओर ले गई
सामाजिक प्रभाव
- जनसांख्यिकीय तबाही: 1.7 करोड़ मृत; स्पेनिश फ्लू महामारी (1918–19) ने और 2–5 करोड़ लोगों की जान ली
- महिलाओं की भूमिका बदली: 1918 तक UK में 8 लाख महिलाएँ युद्ध उद्योगों में; USA में 10 लाख महिलाएँ युद्ध कार्य में; 1918 में 30+ आयु की UK महिलाओं को मताधिकार, 1928 में समान मताधिकार
- मनोवैज्ञानिक आघात: "खोई हुई पीढ़ी" के लेखक (हेमिंगवे, रेमार्क की All Quiet on the Western Front, 1929)
- 1920 के दशक में युद्ध-विरोधी आंदोलनों और शांतिवाद का उदय
वर्साय की संधि 1919 — दंडात्मक शांति
- अनुच्छेद 231 ("युद्ध-दोष धारा"): जर्मनी को युद्ध के लिए एकमात्र जिम्मेदार ठहराया
- क्षतिपूर्ति: 132 अरब सोने के मार्क (~2021 के डॉलर में $442 अरब) — असंभव भुगतान
- भूभागीय हानि: अल्सेस-लोरेन फ्रांस को; पूर्वी प्रशिया को अलग करने वाला पोलिश गलियारा; राइनलैंड का असैन्यीकरण
- सैन्य सीमाएँ: सेना अधिकतम 1,00,000; कोई वायु सेना नहीं; पनडुब्बियाँ प्रतिबंधित; नौसेना सीमित
- उपनिवेश छिने: सभी जर्मन उपनिवेश ब्रिटिश, फ्रांसीसी, जापानी, ऑस्ट्रेलियाई नियंत्रण में राष्ट्र संघ "जनादेश" बने
- परिणाम: जर्मन अपमान, आर्थिक पतन और हिटलर का उदय — वह शांति जिसने WWII को अनिवार्य बना दिया
