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शब्दावली
| पद (अंग्रेज़ी) | परिभाषा | परीक्षा में प्रासंगिकता |
|---|---|---|
| Advaita (अद्वैत) | अद्वैतवाद: केवल ब्रह्म सत्य है; आत्मा = ब्रह्म; जगत् माया है | शंकराचार्य का विद्यालय — वेदांत उप-विद्यालय; मानक परीक्षा तुलना |
| Agama (आगम) | अर्धमागधी प्राकृत में जैन कैनन ग्रंथ | जैन धर्मग्रंथ — बौद्ध त्रिपिटक से तुलनीय |
| Ahimsa (अहिंसा) | अहिंसा — जैन धर्म का परम सिद्धांत; बौद्ध धर्म और गांधी में भी केंद्रीय | सर्वाधिक बार परीक्षित जैन अवधारणा |
| Alvar (अलवार) | 12 तमिल वैष्णव कवि-संतों में से एक (6वीं–9वीं शती ई.) जिन्होंने नालायिर दिव्य प्रबंधम रचा | तमिल भक्ति — 2023 RPSC में सीधे परीक्षित |
| Anatta (अनात्मन्) | "अनात्मा" — कोई स्थायी, अपरिवर्तनीय आत्मा नहीं | मूल बौद्ध सिद्धांत — जैन जीव अवधारणा से भिन्न |
| Anekantavada (अनेकांतवाद) | जैन "अनेक पक्षता": वास्तविकता किसी एकल दृष्टिकोण से पूरी तरह नहीं पकड़ी जा सकती | जैन ज्ञानमीमांसा — हठधर्मी विद्यालयों से स्पष्ट रूप से भिन्न |
| Bhakti (भक्ति) | व्यक्तिगत ईश्वर के प्रति भक्ति-प्रेम — भक्ति आंदोलन की परिभाषक आध्यात्मिक साधना | इस विषय की सर्वाधिक व्यापक रूप से परीक्षित अवधारणा |
| Bodhisattva (बोधिसत्त्व) | महायान बौद्ध आदर्श: जो व्यक्तिगत निर्वाण विलंबित कर सभी प्राणियों को मुक्त कराता है | महायान बौद्ध धर्म — हीनयान से भेदक |
| Charvaka (चार्वाक) | प्राचीन भारतीय भौतिकवादी विद्यालय: केवल प्रत्यक्ष वैध; कोई आत्मा/ईश्वर/परलोक नहीं | नास्तिक विद्यालय — वैदिक विद्यालयों से तुलनीय |
| Dargah (दरगाह) | सूफी संत की समाधि पर निर्मित दरगाह; सामुदायिक भक्ति का केंद्र | सूफी संस्कृति — अजमेर दरगाह सर्वाधिक परीक्षित उदाहरण |
| Dvaita (द्वैत) | मध्व का शुद्ध द्वैतवाद: ईश्वर और आत्माएँ नित्य भिन्न, कभी अभिन्न नहीं | वेदांत उप-विद्यालय — अद्वैत और विशिष्टाद्वैत से तुलनीय |
| Fana (फना) | ईश्वरीय प्रेम में अहम् के विनाश की सूफी अवधारणा | सूफीवाद — केंद्रीय रहस्यवादी अवधारणा |
| Khanqah (खानकाह) | सूफी आश्रम/मठ जहाँ शिष्य शेख से प्रशिक्षण प्राप्त करते हैं | सूफी संस्थागत संरचना |
| Nayanmars (नयनमार) | 63 तमिल शैव संत (6वीं–9वीं शती); तेवारम की रचना | तमिल भक्ति — 2023 RPSC में परीक्षित |
| Nirguna (निर्गुण) | निराकार ईश्वर की भक्ति — कबीर, नानक परंपरा | सगुण भक्ति से विपरीत |
| Nirvana (निर्वाण) | बौद्ध मुक्ति: तृष्णा का विनाश और पुनर्जन्म का अंत | मूल बौद्ध अवधारणा |
| Prakriti (प्रकृति) | सांख्य दर्शन में आदि पदार्थ — सक्रिय सिद्धांत, पुरुष के विपरीत | सांख्य दर्शन — पुरुष के साथ युगल |
| Pratityasamutpada (प्रतीत्यसमुत्पाद) | बौद्ध "प्रतीत्य-उत्पत्ति": सभी घटनाएँ परस्पर निर्भर परिस्थितियों में उत्पन्न होती हैं | मूल बौद्ध तत्त्वमीमांसा |
| Purusha (पुरुष) | सांख्य में शुद्ध चेतना/आत्मा — निष्क्रिय, अपरिवर्तनीय, बहुल | सांख्य दर्शन |
| Qawwali (कव्वाली) | सूफी भक्ति संगीत परंपरा — दरगाहों पर आनंदमय सामूहिक गायन | सूफी संस्कृति — अमीर खुसरो और चिश्ती सिलसिले से जुड़ी |
| Saguna (सगुण) | सगुण ईश्वर (राम, कृष्ण) की भक्ति — तुलसीदास, सूरदास परंपरा | निर्गुण भक्ति से विपरीत |
| Sama (समा) | सूफी साधना में आध्यात्मिक संगीत/श्रवण सत्र, आनंदमय अवस्था प्राप्ति हेतु | सूफी साधना |
| Silsila (सिलसिला) | सूफीवाद में आध्यात्मिक अधिकार की श्रृंखला — शेख को पैगम्बर से जोड़ती है | सूफी संस्थागत संरचना — चिश्ती, सुहरावर्दी, कादिरी, नक्शबंदी |
| Syadvada (स्याद्वाद) | जैन सापेक्ष कथन — सभी कथन "किसी अर्थ में" से संशोधित | अनेकांतवाद के साथ जैन ज्ञानमीमांसा |
| Vedanta (वेदांत) | उपनिषदों, ब्रह्म सूत्रों और गीता की व्याख्या करने वाली दार्शनिक परंपरा | सर्वाधिक प्रभावशाली भारतीय दर्शन — तीन प्रमुख उप-विद्यालय |
